बैंगलुरु (कर्नाटक): कर्नाटक की राजधानी बैंगलुरु के वाइटफील्ड इलाके में रविवार दोपहर एक दर्दनाक घटना सामने आई। ईसीसी रोड स्थित एक को-लिविंग पीजी की सातवीं मंजिल से गिरने के कारण 23 वर्षीय महिला सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत हो गई, जबकि उसके साथ मौजूद 30 वर्षीय युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस के मुताबिक, घटना से पहले दोनों के बीच विवाद हुआ था।
पीजी में रहने के अगले ही दिन हुआ हादसा
मृतका की पहचान जननी (23) के रूप में हुई है। वह पट्टनदूर अग्रहारा के पास स्थित एक वित्तीय सेवा कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के तौर पर काम करती थी। घायल युवक की पहचान माणिक्य वेलु (30) के रूप में हुई है, जो पुडुचेरी की एक लॉजिस्टिक्स कंपनी में कार्यरत बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, जननी शनिवार को ही वाइटफील्ड के ईसीसी रोड स्थित एक को-लिविंग पीजी में रहने आई थी। वेलु भी उसके साथ वहां ठहरा हुआ था। रविवार सुबह दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई। इसके बाद दोपहर करीब 12:15 बजे दोनों इमारत की सातवीं मंजिल की छत पर पहुंचे।
छत से गिरने के बाद महिला की मौत
प्रारंभिक पुलिस जांच के मुताबिक, छत पर पहुंचने के बाद जननी ने कथित तौर पर छलांग लगा दी। पुलिस को आशंका है कि इस दौरान वेलु भी उसके साथ नीचे गिर गया। नीचे गिरते समय वेलु एक पेड़ की शाखाओं में फंस गया। इससे उसकी जान बच गई, हालांकि उसे गंभीर चोटें आईं। उसे तत्काल वादेही इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च सेंटर में भर्ती कराया गया। अस्पताल में उसका इलाज जारी है और शुरुआती जानकारी के अनुसार उसकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।
छह साल से रिश्ते में थे दोनों
पुलिस की प्रारंभिक जांच में दोनों के बीच लंबे समय से संबंध होने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि जननी और वेलु करीब छह वर्षों से रिश्ते में थे। जांच के दौरान पुलिस को यह भी पता चला कि हाल ही में वेलु की सगाई किसी दूसरी महिला से तय हुई थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद और तनाव चल रहा था। हालांकि, पुलिस अभी घटना के पीछे की पूरी वजह की पुष्टि करने के लिए जांच कर रही है।
पुलिस ने दर्ज की अस्वाभाविक मौत की रिपोर्ट
घटना की सूचना मिलते ही वाइटफील्ड थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने जननी के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। जननी की मौसी की शिकायत के आधार पर पुलिस ने अस्वाभाविक मौत की रिपोर्ट (UDR) दर्ज की है। अधिकारियों के मुताबिक, घायल वेलु का बयान घटना की परिस्थितियों को समझने में महत्वपूर्ण हो सकता है। पुलिस का कहना है कि वेलु के पूरी तरह स्वस्थ होकर बयान देने के बाद यह स्पष्ट हो सकेगा कि सातवीं मंजिल पर वास्तव में क्या हुआ था और दोनों के गिरने की परिस्थितियां क्या थीं।
घटना को लेकर कई सवालों की जांच
फिलहाल पुलिस घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। इसमें पीजी की सुरक्षा व्यवस्था, छत तक दोनों के पहुंचने की परिस्थितियां, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और दोनों के बीच हुए विवाद की वजह शामिल है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना से ठीक पहले दोनों के बीच क्या बातचीत हुई थी। जांच पूरी होने के बाद ही हादसे की वास्तविक परिस्थितियों को लेकर स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।