केंद्र सरकार ने एक बार फिर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है। इस बार पेट्रोल 86 पैसे और डीजल 83 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ है। नई बढ़ोतरी के बाद दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 98.64 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 91.58 रुपये प्रति लीटर हो गई है।
लगातार दूसरी बार बढ़े ईंधन के दाम
यह लगातार दूसरी बढ़ोतरी है। इससे पहले 15 मई को भी पेट्रोल और डीजल के दामों में 3-3 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई थी, जबकि CNG के दाम भी बढ़े थे। इससे आम उपभोक्ताओं पर महंगाई का दबाव और बढ़ गया है, खासकर परिवहन और दैनिक जरूरतों से जुड़ी वस्तुओं की कीमतों पर असर की आशंका जताई जा रही है।
सरकार का तर्क और वैश्विक तुलना
सरकार और भाजपा नेताओं का कहना है कि वैश्विक तेल संकट के बावजूद भारत में कीमतों में वृद्धि अन्य देशों की तुलना में कम रही है। पार्टी आईटी प्रमुख अमित मालवीय के अनुसार, अमेरिका, पाकिस्तान और ब्रिटेन जैसे देशों में ईंधन की कीमतों में भारत से ज्यादा बढ़ोतरी हुई है।
विपक्ष का हमला
ईंधन की बढ़ती कीमतों को लेकर विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि चुनाव के बाद लगातार ईंधन की कीमतें बढ़ाई जा रही हैं, जिससे आम जनता पर बोझ बढ़ रहा है और महंगाई में इजाफा हो सकता है।