बड़वानी। मध्यप्रदेश के बड़वानी में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का शुक्रवार को अलग और सहज अंदाज देखने को मिला। बोरलाय से बड़वानी लौटते समय सड़क किनारे भुट्टा बेच रहे दुकानदार की आवाज सुनकर मुख्यमंत्री ने अचानक अपना काफिला रुकवा दिया। वे सीधे भुट्टे की दुकान पर पहुंचे और न सिर्फ दुकानदार से बातचीत की, बल्कि खुद अंगीठी पर भुट्टा भी सेंका।
आवाज सुनकर रुकवाया काफिला, सीधे भुट्टे की दुकान पर पहुंचे CM
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोरलाय से बड़वानी लौट रहे थे। इसी दौरान सड़क किनारे भुट्टा बेच रहे दुकानदारों की आवाज उनकी नजर में आई। मुख्यमंत्री ने अचानक काफिला रुकवाया और भुट्टे की दुकान पर पहुंच गए। उन्होंने दुकानदार से पूछा कि उन्हें किसने आवाज दी थी। इसके बाद उन्होंने तीन-चार भुट्टे निकालने के लिए कहा,इसके बाद दुकानदार आकाश ने उन्हें भुट्टे दे दिए।
आकाश से लिया पंखा, खुद अंगीठी पर सेंका भुट्टा
मुख्यमंत्री उस दुकानदार आकाश के पास पहुंचे, जिसने उन्हें आवाज दी थी। आकाश अपनी मां नानी बाई और बेटे के साथ सड़क किनारे भुट्टे बेच रहा था। मुख्यमंत्री ने सहज अंदाज में आकाश के हाथ से पंखा लिया और खुद अंगीठी के कोयलों को हवा देने लगे। इसके बाद उन्होंने अपने हाथों से भुट्टा सेंका। मुख्यमंत्री को इस तरह सड़क किनारे भुट्टा सेंकते देख वहां मौजूद लोग भी उत्सुक हो गए और उन्हें देखने के लिए आसपास जुटने लगे।
परिवार का हाल जाना, आमदनी के बारे में भी पूछा
भुट्टा सेंकते समय मुख्यमंत्री ने आकाश और नानी बाई से उनके कामकाज और आमदनी के बारे में बातचीत की। उन्होंने परिवार का हालचाल जाना और पूछा कि भुट्टे बेचकर घर का खर्च किस तरह चलता है। आकाश ने बताया कि भुट्टे बेचने से उनके परिवार का घर-खर्च चल जाता है।
CM ने पूछा- देसी हैं या अमेरिकन?
भुट्टा सेंकने के दौरान मुख्यमंत्री ने भुट्टों को लेकर भी सहज अंदाज में सवाल किया। उन्होंने आकाश से पूछा कि भुट्टे **देसी हैं या अमेरिकन?** आकाश ने जवाब दिया कि ये देसी भुट्टे हैं। इसके बाद मुख्यमंत्री ने भुट्टे का स्वाद भी लिया।
पैसे देने चाहे, महिला ने लेने से किया इनकार
भुट्टा खाने के बाद मुख्यमंत्री ने दुकानदार परिवार को पैसे देने चाहे। हालांकि नानी बाई ने पैसे लेने से इनकार कर दिया। इसके बावजूद मुख्यमंत्री ने अपना पर्स निकाल लिया। इसी दौरान प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल ने नकद राशि निकालकर मुख्यमंत्री को दी। मुख्यमंत्री ने यह राशि नानी बाई के पोते को प्रदान की।
सरकारी कार्यक्रम से अलग दिखा CM का सहज अंदाज
मुख्यमंत्री का यह अंदाज कुछ देर के लिए औपचारिक सरकारी कार्यक्रम से बिल्कुल अलग नजर आया। सड़क किनारे आम दुकानदार के साथ बातचीत करना, उसके परिवार का हाल जानना और खुद अंगीठी पर भुट्टा सेंकना लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया। मुख्यमंत्री के इस सहज अंदाज का वीडियो और तस्वीरें भी लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र रहे।