फीफा वर्ल्ड कप 2026 में मिस्र की फुटबॉल टीम ने वह कर दिखाया, जिसका इंतजार उसके प्रशंसक करीब नौ दशक से कर रहे थे। मोहम्मद सलाह की अगुआई वाली टीम ने कनाडा के वैंकूवर में खेले गए मुकाबले में न्यूजीलैंड को 3-1 से हराकर विश्व कप इतिहास की अपनी पहली जीत दर्ज कर ली। यह जीत सिर्फ तीन अंकों की नहीं, बल्कि मिस्र के फुटबॉल इतिहास के सबसे यादगार पलों में से एक बन गई। साल 1934 में पहली बार फीफा वर्ल्ड कप में कदम रखने वाली मिस्र की टीम ने 92 वर्षों तक इस मंच पर जीत का स्वाद नहीं चखा था। ऐसे में जैसे ही अंतिम सीटी बजी, खिलाड़ियों और समर्थकों की खुशी देखते ही बन रही थी। मैदान पर जश्न का माहौल था और हर खिलाड़ी इस ऐतिहासिक पल को यादगार बनाने में जुटा हुआ था।
15वें मिनट में लगा झटका, न्यूजीलैंड ने बनाई बढ़त
मुकाबले की शुरुआत न्यूजीलैंड के लिए शानदार रही। मैच के 15वें मिनट में टीम को कॉर्नर मिला, जिसे टिम पायने ने शानदार तरीके से बॉक्स के अंदर पहुंचाया। वहां मौजूद फिन सरमन ने बेहतरीन हेडर लगाते हुए गेंद को नेट में पहुंचा दिया और न्यूजीलैंड को 1-0 की बढ़त दिला दी। पहले हाफ में न्यूजीलैंड का डिफेंस मजबूत नजर आया। मिस्र के स्टार खिलाड़ी मोहम्मद सलाह भी कोई बड़ा मौका नहीं बना सके और पहले 45 मिनट के बाद स्कोर 1-0 रहा।
दूसरे हाफ में बदला मैच का पूरा रंग
पहले हाफ में पिछड़ने के बाद मिस्र की टीम ने दूसरे हाफ में आक्रामक रणनीति अपनाई। टीम ने लगातार हमले किए और आखिरकार 58वें मिनट में उसे सफलता मिल गई। मोहम्मद हैनी ने शानदार क्रॉस दिया, जिस पर मुस्तफा जीको ने जोरदार हेडर लगाकर गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचा दिया। इस गोल के साथ मैच 1-1 की बराबरी पर आ गया और मिस्र के खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ गया।
मोहम्मद सलाह ने दिखाई कप्तानी की ताकत
बराबरी के बाद मिस्र ने दबाव बनाए रखा। 67वें मिनट में मोहम्मद सलाह और मुस्तफा जीको के बीच शानदार तालमेल देखने को मिला। दोनों खिलाड़ियों ने बेहतरीन पासिंग के जरिए न्यूजीलैंड के डिफेंस को तोड़ा और सलाह ने शानदार फिनिश के साथ टीम को 2-1 की बढ़त दिला दी। इसके बाद न्यूजीलैंड की टीम वापसी करने की कोशिश करती रही, लेकिन मिस्र का डिफेंस मजबूत बना रहा।
ट्रेजेगुएट ने जीत पर लगाई मुहर
मैच के 82वें मिनट में मोहम्मद सलाह की कॉर्नर किक पर ट्रेजेगुएट ने शानदार गोल दागते हुए स्कोर 3-1 कर दिया। इसके बाद न्यूजीलैंड के पास वापसी का कोई मौका नहीं बचा और मिस्र ने आखिरकार 92 साल का लंबा इंतजार खत्म कर दिया।
मिस्र के लिए क्यों खास है यह जीत?
विश्व कप में मिस्र का सफर 1934 में शुरू हुआ था, लेकिन टीम को पहली जीत के लिए 2026 तक इंतजार करना पड़ा। ऐसे में यह जीत आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन सकती है। फुटबॉल विशेषज्ञों का मानना है कि मोहम्मद सलाह की कप्तानी में मिस्र की टीम इस बार टूर्नामेंट में और भी बड़ा उलटफेर कर सकती है।
मैच का पूरा हाल
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| टूर्नामेंट | FIFA World Cup 2026 |
| मुकाबला | मिस्र बनाम न्यूजीलैंड |
| स्थान | वैंकूवर, कनाडा |
| परिणाम | मिस्र 3-1 न्यूजीलैंड |
| न्यूजीलैंड का पहला गोल | फिन सरमन (15वां मिनट) |
| मिस्र का पहला गोल | मुस्तफा जीको (58वां मिनट) |
| मिस्र का दूसरा गोल | मोहम्मद सलाह (67वां मिनट) |
| मिस्र का तीसरा गोल | ट्रेजेगुएट (82वां मिनट) |
| विश्व कप डेब्यू | 1934 |
| ऐतिहासिक उपलब्धि | फीफा वर्ल्ड कप में मिस्र की पहली जीत |
| 92 साल का इंतजार | आखिरकार हुआ खत्म |