लखनऊ/वाराणसी: पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही भारी बारिश का असर उत्तरप्रदेश में भी दिखाई दे रहा है। गंगा, यमुना, शारदा समेत करीब 10 नदियां उफान पर हैं। कई जिलों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। सहारनपुर में उफनती नदी के पुल पर स्कॉर्पियो फंसने से उसमें सवार 6 लोग बहने लगे। लोगों ने किसी तरह कार से कूदकर अपनी जान बचाई। वहीं वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से घाटों और मंदिरों में पानी भर गया है।प्रदेश में कई इलाकों में जलभराव और बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग ने भी कई जिलों में बारिश और बाढ़ को लेकर अलर्ट जारी किया है।
सहारनपुर में पुल पर फंसी स्कॉर्पियो
सहारनपुर में शाहपुर गाड़ा नदी पर बना पुल बाढ़ के पानी में डूब गया। मंगलवार शाम को इसी दौरान एक स्कॉर्पियो पुल से गुजर रही थी, लेकिन तेज बहाव के बीच कार फंस गई।देखते ही देखते स्कॉर्पियो पानी के तेज बहाव में बहने लगी। कार में सवार 6 लोगों ने किसी तरह वाहन से कूदकर अपनी जान बचाई। बाद में स्थानीय लोगों की मदद से ट्रैक्टर के जरिए स्कॉर्पियो को बाहर निकाला गया।
काशी में 100 से ज्यादा मंदिर डूबे
वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से घाटों की सीढ़ियों तक पानी पहुंच गया है। शहर के सभी 84 घाटों को जोड़ने वाले रास्ते भी जलमग्न हो गए हैं।बाढ़ के पानी से 100 से ज्यादा छोटे मंदिरों के डूबने की खबर है। मणिकर्णिका घाट स्थित करीब 50 फीट ऊंचा रत्नेश्वर महादेव मंदिर भी आधे से ज्यादा पानी में डूब गया है। मंदिर का केवल ऊपरी गुंबद दिखाई दे रहा है।
उन्नाव में खतरे के निशान के करीब गंगा
उन्नाव में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। नदी का पानी कई कॉलोनियों में घुस गया है। गलियों में जलभराव के कारण लोगों को नावों का सहारा लेना पड़ रहा है।वहीं फर्रुखाबाद और बिजनौर के करीब 45 गांव बाढ़ की चपेट में बताए जा रहे हैं। कई इलाकों में नदी का कटाव जारी है और अब तक 31 घर गंगा में समा चुके हैं।
मथुरा-आगरा में यमुना का बढ़ा जलस्तर
मथुरा और आगरा में यमुना नदी का पानी घाटों की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। वृंदावन में केशीघाट का परिक्रमा मार्ग भी जलमग्न हो गया है।नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण घाटों और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं।
20 जिलों में बारिश का अलर्ट
बुधवार सुबह लखनऊ और बाराबंकी समेत करीब 15 शहरों में आसमान में बादल छाए रहे। हालांकि दिन चढ़ने के साथ कई इलाकों में धूप निकल आई। मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 20 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।इसके साथ ही 16 जिलों में बाढ़ की चेतावनी भी जारी की गई है। प्रशासन को संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
मेरठ से मुजफ्फरनगर तक भारी बारिश
इससे पहले मंगलवार को मेरठ, संभल, बिजनौर और मुजफ्फरनगर समेत करीब 10 शहरों में जोरदार बारिश हुई। मेरठ और संभल में कई गलियां और कॉलोनियां पानी से भर गईं। कई घरों और दुकानों में भी बारिश का पानी घुस गया।बिजनौर में सड़कों पर 2 से 3 फीट तक पानी भर गया। वहीं मुजफ्फरनगर में जलभराव की स्थिति का जायजा लेने के लिए डीएम उमेश मिश्रा और एसएसपी संजय वर्मा खुद घुटनों तक भरे पानी में उतरे।
यूपी में बाढ़ का बढ़ा खतरा
लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर ने उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ का खतरा बढ़ा दिया है। प्रशासन की ओर से संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी की जा रही है। नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।आने वाले दिनों में पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश जारी रहने पर यूपी की प्रमुख नदियों का जलस्तर और बढ़ने की आशंका है।