रानी कमलापति (RKMP) रेलवे स्टेशन पर करीब दो महीने के लंबे इंतजार के बाद अत्याधुनिक सीएनसी अंडर फ्लोर व्हील लेथ मशीन ने काम करना शुरू कर दिया है। लगभग 10.90 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित इस आधुनिक सुविधा के शुरू होने से की मेंटेनेंस व्यवस्था में बड़ा और ऐतिहासिक बदलाव आएगा।
निशातपुरा वर्कशॉप पर निर्भरता हुई खत्म
अब तक ट्रेनों के पहियों की मरम्मत (टायर टर्निंग) के लिए कोचों को निशातपुरा वर्कशॉप या करेज रिपेयर वर्कशॉप भेजना पड़ता था। इस प्रक्रिया में 10 से 15 दिन का समय लगता था, जिससे कोच लंबे समय तक सेवा से बाहर रहते थे और ट्रेनों की समयपालन व्यवस्था प्रभावित होती थी। नई मशीन के चालू होने से यह पूरा काम अब रानी कमलापति स्टेशन पर ही किया जा सकेगा।
अंडर फ्लोर तकनीक से समय और श्रम की बड़ी बचत
- इस सीएनसी अंडर फ्लोर व्हील लेथ मशीन की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें कोच को उठाए बिना ही पहियों की टर्निंग की जा सकती है।
- पहियों की टर्निंग बेहद सटीक होगी
- पहियों की उम्र और कार्यक्षमता बढ़ेगी
- जो काम पहले 10 दिन में होता था, अब 1–2 दिन में पूरा होगा।
यात्रियों को मिलेगा सीधा लाभ
मेंटेनेंस समय कम होने से ट्रेनों की उपलब्धता बढ़ेगी और देरी में कमी आएगी। इससे भोपाल से चलने वाली और होकर गुजरने वाली ट्रेनों की पंक्चुअलिटी बेहतर होगी। ऑटोमेटिक सिस्टम होने के कारण मानवीय त्रुटि की संभावना लगभग समाप्त हो जाएगी, जिससे रेल यात्रा और अधिक सुरक्षित बनेगी।
इन प्रमुख ट्रेनों का होगा मेंटेनेंस
- इस नई सुविधा के तहत रानी कमलापति स्टेशन पर
- रीवांचल एक्सप्रेस
- लोकमान्य तिलक टर्मिनस–रानी कमलापति सुपरफास्ट
- रीवा–रानी कमलापति स्पेशल
- सहित यहां रुकने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस और भोपाल–रीवा, जबलपुर रूट की अन्य ट्रेनों का भी मेंटेनेंस किया जाएगा।
भोपाल रेल मंडल के लिए बड़ी उपलब्धि
यह सुविधा न केवल तकनीकी क्षमता को मजबूत करेगी, बल्कि यात्रियों को समय पर, सुरक्षित और भरोसेमंद ट्रेन सेवा उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभाएगी। लंबे इंतजार के बाद शुरू हुई यह मशीन ट्रेनों की रफ्तार और विश्वसनीयता दोनों को नई मजबूती देगी।
Comments (0)