रायपुर - मध्य पूर्व में चल रहे युद्ध और वैश्विक तेल संकट के कारण देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी उछाल की आशंका गहराने लगी है। इसी बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को देशवासियों से एक बड़ी और अहम अपील की है। वहीं कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया बयान पर निशाना साधा है।
यह संकट चुनाव खत्म होने के बाद अचानक नहीं आया
पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि, मध्य पूर्व में युद्ध जैसी स्थिति काफी समय से बनी हुई है और यह संकट चुनाव खत्म होने के बाद अचानक नहीं आया। भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि यह “पीएम मोदी द्वारा प्रायोजित समस्या” है। उन्होंने कहा, “इज़राइल से दोस्ती करके क्या मिला? भारत ने ईरान और रूस जैसे पारंपरिक मित्र देशों को क्यों छोड़ा?”
आने वाले समय में देश को महंगाई बढ़ेगी
कांग्रेस नेता ने इस दौरान यह भी कहा कि, चुनाव से पहले राहुल गांधी ने आर्थिक संकट और महंगाई बढ़ने की चेतावनी दी थी, लेकिन उस समय सरकार के मंत्री इन दावों का खंडन कर रहे थे। बघेल के मुताबिक, अगर अब सरकार खुद संकट की बात मान रही है, तो उन मंत्रियों को इस्तीफा देना चाहिए जिन्होंने देश से झूठ बोला। भूपेश बघेल ने दावा किया कि आने वाले समय में देश को महंगाई और आय में कमी की “दोहरी मार” झेलनी पड़ सकती है।
पीएम मोदी का बयान...
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 घंटे में दूसरी बार देशवासियों से पेट्रोल-डीजल बचाने और तेल की खपत कम करने की अपील की है। इसके साथ ही उन्होंने लोगों से सोना खरीदने से भी परहेज करने को कहा है। इससे पहले हैदराबाद में अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन क्लास और वर्चुअल मीटिंग जैसे कोरोनाकाल के उपायों को फिर से अपनाने की सलाह दी थी। उन्होंने कहा था कि वैश्विक हालात को देखते हुए जिम्मेदार व्यवहार जरूरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि, पहले के दशकों में भी जब-जब देश युद्ध या किसी और अन्य बड़े संकट से गुजरा है, सरकार की अपील पर हर नागरिक ने ऐसे ही अपना दायित्व निभाया है। आज भी जरूरत है कि हम सब मिलकर अपना दायित्व निभाएं... देश के संसाधनों पर पड़ने वाले बोझ को कम करें। हमें हर छोटे-बड़े प्रयास से ऐसे उत्पादों का उपयोग कम करना है, जो विदेश से आते हैं… और ऐसे व्यक्तिगत कामों से भी बचना है जिसमें विदेशी मुद्रा खर्च होती हो.."
पश्चिम एशिया में फिर से युद्ध की आशंका जताई जा रही
दरअसल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते पश्चिम एशिया में फिर से युद्ध की आशंका जताई जा रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के प्रस्ताव को खारिज करते हुए कड़े हमले की चेतावनी दी है, वहीं इजरायल की ओर से भी सैन्य कार्रवाई के संकेत मिले हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर पश्चिम एशिया में युद्ध बढ़ता है, तो भारत समेत कई देशों पर इसका असर पड़ सकता है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से तेल और गैस सप्लाई प्रभावित होने और कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल की आशंका है। इन्हीं संभावित हालात को देखते हुए पीएम मोदी लोगों से ऊर्जा बचाने और खर्च कम करने की अपील कर रहे हैं।