कोलकाता: पश्चिम बंगाल के पूर्वी और पश्चिमी मेदिनीपुर जिलों में रविवार को राजनीतिक तनाव उस वक्त बढ़ गया जब सत्तारूढ़ टीएमसी और भाजपा समर्थकों के बीच कई जगहों पर हिंसक झड़पें हुईं। इस दौरान कुछ लोगों के घायल होने की भी खबर है, जिससे इलाके में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।
कांति और मरिश्दा में बढ़ा विवाद
सूत्रों के मुताबिक, पूर्वी मेदिनीपुर के कांति इलाके के भाजाचौली में दोनों दलों के कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए और देखते ही देखते विवाद हिंसा में बदल गया। इसी जिले के मरिश्दा क्षेत्र से भी टकराव की खबरें सामने आई हैं, जहां स्थानीय स्तर पर स्थिति को संभालने के प्रयास किए जा रहे हैं।
केशपुर में ईंट-पत्थर और डंडों से हमला
पश्चिमी मेदिनीपुर के केशपुर इलाके में भी हालात बिगड़ गए, जहां दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर कथित तौर पर ईंट-पत्थर और डंडों से हमला किया। इस झड़प में कई कार्यकर्ताओं के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
शुभेंदु अधिकारी का आरोप
भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी ने टीएमसी पर आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं को निशाना बनाया गया है। उन्होंने दावा किया कि इस तरह की घटनाएं भाजपा को कमजोर नहीं बल्कि और मजबूत करेंगी और लोगों का समर्थन बढ़ेगा।
टीएमसी ने आरोपों को बताया बेबुनियाद
वहीं, टीएमसी ने भाजपा के आरोपों को खारिज किया है। पार्टी के नेताओं का कहना है कि भाजपा के अंदरूनी मतभेदों के कारण ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उनके कार्यकर्ताओं ने उकसावे के बावजूद संयम बनाए रखा।
इलाके में पुलिस सतर्क, हालात पर नजर
घटनाओं के बाद प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है। पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि आगे किसी भी तरह की हिंसा को रोका जा सके।