कोलकाता: पश्चिम बंगाल में नगर निकायों के पुनर्गठन, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और प्रशासनिक सुधारों को लेकर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं। मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने बताया कि कोलकाता और हावड़ा नगर निगमों में वार्डों का विस्तार किया जाएगा, निर्माण परियोजनाओं की निगरानी अब राष्ट्रीय स्तर की एजेंसियों से कराई जाएगी और आपातकाल के दौरान जेल जाने वाले लोगों के लिए सम्मान पेंशन योजना शुरू की जाएगी। इसके अलावा उन्होंने राज्य की सुरक्षा और घुसपैठ जैसे मुद्दों पर भी अपनी बात रखी।
मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद लागू होंगे फैसले
प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया कि जिन योजनाओं और प्रस्तावों की घोषणा की गई है, वे फिलहाल प्रशासनिक प्रक्रिया में हैं। अगले सप्ताह मुख्यमंत्री की औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद इन्हें लागू करने की प्रक्रिया शुरू होगी।
कोलकाता और हावड़ा में बढ़ेंगे वार्ड
शहरी क्षेत्रों में लगातार बढ़ती आबादी और बेहतर नागरिक सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नगर निगमों का पुनर्गठन किया जा रहा है। इसके तहत कोलकाता नगर निगम (KMC) के वार्डों की संख्या 144 से बढ़ाकर 209 करने का प्रस्ताव रखा गया है, जबकि हावड़ा नगर निगम (HMC) में वार्डों की संख्या 50 से बढ़ाकर 68 की जाएगी।
निर्माण परियोजनाओं की समीक्षा तेज, 15 अगस्त तक पूरी होगी प्रक्रिया
तारातला में हुए निर्माणाधीन वेयरहाउस हादसे के बाद राज्य सरकार ने निर्माण परियोजनाओं की सुरक्षा समीक्षा तेज कर दी है। प्रेस वार्ता में बताया गया कि अब तक 706 परियोजनाओं की जांच की जा चुकी है। इनमें 192 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है, जबकि 27 परियोजनाओं को नियमों के उल्लंघन और स्वीकृत नक्शे से अलग निर्माण करने के कारण अस्वीकार कर दिया गया है। संबंधित डेवलपर्स को नोटिस भेजे जा रहे हैं और पूरी समीक्षा प्रक्रिया 15 अगस्त तक पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है।
RITES और IRCON जैसी एजेंसियां करेंगी निर्माण की निगरानी
भविष्य में निर्माण संबंधी हादसों को रोकने के लिए सरकार नई निगरानी व्यवस्था लागू करने जा रही है। इसके तहत RITES, IRCON सहित 10 से 15 राष्ट्रीय स्तर की एजेंसियों का पैनल तैयार किया जाएगा, जो निर्माण कार्यों की शुरुआत से लेकर पूरा होने तक हर चरण की जांच करेंगे। इन एजेंसियों द्वारा भवन की नींव, बीम की मजबूती, लोड क्षमता, सीमेंट और अन्य निर्माण सामग्री की गुणवत्ता की जांच की जाएगी। थर्ड-पार्टी निरीक्षण का पूरा खर्च संबंधित बिल्डर या डेवलपर को ही वहन करना होगा। शुरुआत में यह व्यवस्था व्यावसायिक और आवासीय दोनों प्रकार की परियोजनाओं पर लागू की जाएगी।
BSF और नवोदय विद्यालयों के लिए भूमि आवंटन
राज्य सरकार ने सीमा सुरक्षा बल (BSF), अन्य सुरक्षा एजेंसियों, केंद्रीय विद्यालयों और नवोदय विद्यालयों के विस्तार के लिए विभिन्न जिलों में भूमि उपलब्ध कराने का निर्णय भी लिया है। सरकार का कहना है कि इससे सुरक्षा ढांचे और शिक्षा सुविधाओं को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
आपातकाल पीड़ितों को मिलेगी 10,000 रुपये मासिक पेंशन
प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी घोषणा की गई कि वर्ष 1975 के आपातकाल के दौरान जेल जाने वाले या सरकारी उत्पीड़न झेलने वाले करीब 500 लोगों को प्रति माह 10,000 रुपये की सम्मान पेंशन दी जाएगी। लाभार्थियों को सम्मानित करने के लिए मुख्यमंत्री की मौजूदगी में विशेष कार्यक्रम आयोजित करने की भी योजना है।
राष्ट्रीय सुरक्षा और घुसपैठ पर लगाए आरोप
प्रेस वार्ता के दौरान अग्निमित्रा पॉल ने राष्ट्रीय सुरक्षा और सीमा पार से होने वाली अवैध घुसपैठ को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले वर्षों में राजनीतिक लाभ के लिए अवैध घुसपैठियों को पहचान पत्र उपलब्ध कराए गए और सुरक्षा से जुड़े मामलों में गंभीर लापरवाही बरती गई। उन्होंने खगड़ागढ़ विस्फोट, प्रतिबंधित संगठन PFI और SIMI से जुड़े पुराने मामलों का भी उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर राजनीतिक समझौते किए गए। साथ ही उन्होंने कहा कि राज्य में सुरक्षा एजेंसियों को मजबूत करने और अवैध गतिविधियों पर सख्ती से कार्रवाई करने की आवश्यकता है।