कोलकाता: मुहर्रम के दौरान शहर में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कोलकाता पुलिस ने कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जुलूसों में हथियारों का प्रदर्शन, डीजे का उपयोग और अत्यधिक ऊंचे ताजियों की अनुमति नहीं होगी।
केवल पारंपरिक जुलूसों को मिलेगी अनुमति
पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस वर्ष किसी नए मुहर्रम जुलूस को मंजूरी नहीं दी जाएगी। केवल वे जुलूस ही निकल सकेंगे जो लंबे समय से परंपरागत रूप से आयोजित होते आ रहे हैं। सभी आयोजकों को निर्धारित नियमों का पालन करना अनिवार्य होगा।
हथियारों के प्रदर्शन पर पूरी तरह रोक
कोलकाता पुलिस ने सुरक्षा कारणों से जुलूसों में किसी भी प्रकार के हथियार या उनके प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगाया है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि नियमों का उल्लंघन होने पर तत्काल कार्रवाई की जाए।
ताजियों की ऊंचाई को लेकर भी निर्देश
पुलिस ने आयोजकों से कहा है कि ताजियों की ऊंचाई नियंत्रित रखी जाए। इसका उद्देश्य बिजली के तारों, केबलों और अन्य सार्वजनिक ढांचों को नुकसान से बचाना तथा लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
डीजे नहीं, ध्वनि सीमा के भीतर ही होगा माइक का उपयोग
जारी निर्देशों के अनुसार मुहर्रम जुलूसों में डीजे बजाने की अनुमति नहीं होगी। यदि लाउडस्पीकर या माइक का उपयोग किया जाता है तो उसे निर्धारित ध्वनि सीमा के भीतर रखना होगा। पुलिस ने ध्वनि प्रदूषण रोकने पर विशेष जोर दिया है।
भड़काऊ संदेशों पर रहेगी नजर
पुलिस प्रशासन ने आयोजकों से सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की है। संवेदनशील या भड़काऊ संदेशों से बचने को कहा गया है और स्थानीय अधिकारियों को ऐसे मामलों पर विशेष निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है।