रायपुर। भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम के ऐलान के साथ ही छत्तीसगढ़ की सियासत में भी हलचल तेज हो गई है। राष्ट्रीय संगठन में प्रदेश के दो नेताओं को अहम जिम्मेदारी मिलने के बाद भाजपा इसे छत्तीसगढ़ के बढ़ते राजनीतिक और संगठनात्मक कद के तौर पर देख रही है। वहीं कांग्रेस ने भाजपा पर प्रदेश के वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं की अनदेखी का आरोप लगाते हुए सवाल खड़े किए हैं।
भाजपा ने घोषित की नई राष्ट्रीय टीम
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने नई राष्ट्रीय टीम का ऐलान किया है। पार्टी की नई टीम में कुल 65 सदस्यों को जिम्मेदारी दी गई है, जिनमें 51 नए चेहरे शामिल हैं। भाजपा ने संगठन में अनुभव और नए चेहरों के बीच संतुलन बनाने की कोशिश की है।
नई टीम में 13 राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाए गए हैं। वहीं कई प्रमुख नेताओं को संगठन में अहम जिम्मेदारियां दी गई हैं। स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महामंत्री और राम माधव को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वसुंधरा राजे को भी राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है, जबकि पीयूष गोयल को कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है।
छत्तीसगढ़ से दो नेताओं को बड़ी जिम्मेदारी
नई राष्ट्रीय टीम में छत्तीसगढ़ से दो नेताओं को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिली है। सांसद रूपकुमारी चौधरी को भाजपा महिला मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। वहीं CGMSC अध्यक्ष दीपक म्हस्के को पार्टी के आईटी सेल के संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
प्रदेश भाजपा इसे छत्तीसगढ़ के संगठन और कार्यकर्ताओं के प्रति केंद्रीय नेतृत्व के भरोसे के तौर पर देख रही है। पार्टी नेताओं का कहना है कि राष्ट्रीय संगठन में प्रदेश के नेताओं की बढ़ती भूमिका छत्तीसगढ़ भाजपा के मजबूत संगठनात्मक आधार को दर्शाती है।
कई बड़े चेहरों की हुई वापसी
भाजपा की नई टीम में कई पुराने और चर्चित चेहरों की वापसी भी हुई है। स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महामंत्री की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है। राम माधव और वसुंधरा राजे को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है।
वहीं युवा मोर्चा में भी बदलाव किया गया है। तेजस्वी सूर्या की जगह हेमांग जोशी को भारतीय जनता युवा मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया गया है। पार्टी ने नई टीम के जरिए संगठन में अनुभव के साथ नए चेहरों को भी पर्याप्त प्रतिनिधित्व देने का प्रयास किया है।
भाजपा ने बताया कार्यकर्ताओं के सम्मान का संकेत
भाजपा का कहना है कि छत्तीसगढ़ के दोनों नेताओं को राष्ट्रीय संगठन में जिम्मेदारी मिलना प्रदेश के समर्पित कार्यकर्ताओं के प्रति केंद्रीय नेतृत्व के भरोसे और सम्मान को दर्शाता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष किरण देव ने दोनों नेताओं को नई जिम्मेदारी मिलने पर बधाई दी है।
भाजपा के लिए नई राष्ट्रीय टीम में छत्तीसगढ़ की मौजूदगी का संदेश साफ है कि प्रदेश का संगठन अब केवल राज्य की राजनीति तक सीमित नहीं है, बल्कि राष्ट्रीय संगठन में भी उसकी भागीदारी लगातार बढ़ रही है।
कांग्रेस ने उठाए वरिष्ठ नेताओं की अनदेखी पर सवाल
भाजपा की नई टीम को लेकर कांग्रेस ने सवाल खड़े किए हैं। पीसीसी चीफ दीपक बैज ने आरोप लगाया है कि भाजपा ने छत्तीसगढ़ के अनुभवी और वरिष्ठ नेताओं को राष्ट्रीय टीम में पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं दिया है।
कांग्रेस का कहना है कि प्रदेश में लंबे समय से संगठन और राजनीति में सक्रिय रहे वरिष्ठ नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर जिम्मेदारी मिलने की उम्मीद थी, लेकिन नई टीम में उन्हें जगह नहीं मिली। इसे लेकर कांग्रेस ने भाजपा की संगठनात्मक प्राथमिकताओं पर सवाल उठाए हैं।
भाजपा ने कांग्रेस के आरोपों पर किया पलटवार
कांग्रेस के आरोपों पर भाजपा ने भी पलटवार किया है। भाजपा नेताओं का कहना है कि राष्ट्रीय टीम का गठन पार्टी की संगठनात्मक जरूरतों और भविष्य की रणनीति को ध्यान में रखकर किया गया है। पार्टी ने नए चेहरों के साथ अनुभवी नेताओं को भी जिम्मेदारी दी है और छत्तीसगढ़ से दो नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलना प्रदेश के लिए गौरव की बात है।
आने वाले चुनावों की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा बदलाव
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम में बड़े स्तर पर हुए बदलाव को आने वाले चुनावों की तैयारियों से भी जोड़कर देखा जा रहा है। 51 नए चेहरों को शामिल किए जाने के बाद संगठन में नई ऊर्जा लाने की कोशिश साफ नजर आ रही है।
अब राजनीतिक नजरें इस बात पर हैं कि राष्ट्रीय संगठन में छत्तीसगढ़ के नेताओं को मिली जिम्मेदारियों का असर प्रदेश की भाजपा की राजनीति और संगठनात्मक गतिविधियों पर कितना दिखाई देता है। साथ ही यह भी देखना होगा कि राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ी प्रदेश की भागीदारी आने वाले चुनावों में भाजपा की रणनीति को किस तरह प्रभावित करती है।