भोपाल: मध्यप्रदेश पुलिस महकमे से बड़ी खबर सामने आई है। 2014 बैच के आईपीएस अधिकारी अनुराग सुजानिया ने अपने पद से त्यागपत्र दे दिया है। राज्य सरकार ने चार दिन पहले ही उनका सागर पुलिस अधीक्षक (SP) पद से स्थानांतरण किया था। स्थानांतरण के चार दिन बाद सोमवार को उन्होंने राज्य सरकार को अपना इस्तीफा सौंप दिया। उन्होंने पुलिस सेवा छोड़ने के पीछे व्यक्तिगत कारण बताए हैं।इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद पुलिस और प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज हो गई है।
सागर SP पद से स्थानांतरण के चार दिन बाद इस्तीफा
आईपीएस अनुराग सुजानिया को चार दिन पहले सागर जिले के पुलिस अधीक्षक पद से स्थानांतरित किया गया था। इसके बाद सोमवार को उन्होंने सरकार को अपना त्यागपत्र सौंप दिया।सुजानिया ने इस्तीफे के पीछे व्यक्तिगत वजह बताई है। हालांकि, उनके अचानक इस्तीफा देने के फैसले से पुलिस विभाग में चर्चा शुरू हो गई है। अब सबकी नजर राज्य सरकार के अगले कदम और इस्तीफे पर होने वाले फैसले पर है।
2014 बैच के IPS अधिकारी हैं अनुराग सुजानिया
अनुराग सुजानिया 2014 बैच के भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी हैं। वह मूल रूप से राजस्थान के रहने वाले हैं। मध्यप्रदेश में पुलिस सेवा के दौरान उन्होंने अलग-अलग जिलों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।हालांकि, मुरैना और सागर में जहरीली शराब से हुई मौतों के मामलों के दौरान भी उनका नाम चर्चा में रहा था। इन घटनाओं ने दोनों जिलों में पुलिस और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए थे।
मुरैना और सागर के जहरीली शराब कांड से भी जुड़ा नाम
वर्ष 2021 में मुरैना में जहरीली शराब पीने से 24 से अधिक लोगों की मौत हुई थी। इस मामले में पुलिस संरक्षण में अवैध शराब बेचे जाने के आरोप भी सामने आए थे।वहीं, सागर जिले में जहरीली शराब की घटना में 15 लोगों की जान गई थी। इन घटनाओं के बाद पुलिस प्रशासन की जवाबदेही को लेकर सवाल उठे थे। हाल ही में सागर में प्रशासनिक फेरबदल के दौरान कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक दोनों का स्थानांतरण किया गया था।
IPS के इस्तीफे से पुलिस महकमे में चर्चा तेज
सागर एसपी पद से स्थानांतरण के महज चार दिन बाद 2014 बैच के आईपीएस अधिकारी अनुराग सुजानिया का इस्तीफा देना प्रशासनिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है।हालांकि, अधिकारी ने अपने इस्तीफे के पीछे व्यक्तिगत कारण बताए हैं। अब देखना होगा कि राज्य सरकार उनके त्यागपत्र पर क्या निर्णय लेती है और पुलिस विभाग में आगे किस तरह के प्रशासनिक बदलाव होते हैं।