सागर में जहरीली शराब कांड के बाद पुलिस प्रशासन में बड़ा बदलाव किया गया है। तेज-तर्रार माने जाने वाले IPS अधिकारी इरशाद वली को सागर संभाग का IG बनाकर भेजा गया है। सागर पहुंचने के बाद उन्होंने पदभार ग्रहण किया और सीधे मैदान में उतर गए।पद संभालने के बाद IG इरशाद वली सबसे पहले बंडा क्षेत्र पहुंचे। यहां उन्होंने उस गांव का दौरा किया, जहां अवैध शराब निर्माण से जुड़े आरोप सामने आए हैं। उनके पहुंचने के साथ ही पुलिस की कार्रवाई भी तेज होती दिखाई दी।
मुख्य आरोपी के गांव पहुंचे IG, खदान का भी किया निरीक्षण
सागर जहरीली शराब मामले में मुख्य आरोपी के तौर पर चंदू राजा राजपूत का नाम सामने आया है। आरोप है कि पत्थर की खदान में अवैध तरीके से शराब का निर्माण कराया जाता था।पुलिस द्वारा इसी पत्थर खदान से बड़ी मात्रा में अवैध शराब बरामद की गई थी। बरामद शराब के जहरीली होने की आशंका भी जताई गई थी। ऐसे में IG इरशाद वली ने मौके पर पहुंचकर पूरे क्षेत्र का जायजा लिया और खदान के चप्पे-चप्पे को देखा।
पहले ही दिन अवैध शराब कारोबारियों को सख्त संदेश
IG के पदभार संभालने के पहले ही दिन सागर संभाग में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस की गतिविधियां तेज हो गईं। अलग-अलग जिलों में पुलिस टीमों ने छापेमारी की और बड़ी मात्रा में अवैध शराब बरामद की गई।इरशाद वली के शुरुआती एक्शन से अवैध शराब के कारोबार में शामिल लोगों के बीच सख्ती का संदेश गया है। पुलिस कार्रवाई का फोकस अवैध शराब के निर्माण और उससे जुड़े नेटवर्क पर बताया जा रहा है।
CM डॉ.मोहन यादव ने कहा था- प्रशासन को दिया है ‘फ्री हैंड’
सागर जहरीली शराब कांड के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव खुद पीड़ितों से मिलने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने प्रशासन को सख्ती से कार्रवाई करने की बात कहते हुए ‘फ्री हैंड’ देने की बात कही थी।इसके बाद सागर में IG के तौर पर इरशाद वली की तैनाती को पुलिस प्रशासन में बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। नई जिम्मेदारी संभालते ही उनका सीधे घटनास्थल और आरोपियों से जुड़े ठिकानों तक पहुंचना इसी सख्त रुख का संकेत माना जा रहा है।
कौन हैं IPS इरशाद वली?
इरशाद वली 2004 बैच के IPS अधिकारी हैं। मध्यप्रदेश पुलिस में उन्होंने कई महत्वपूर्ण पदों पर जिम्मेदारी संभाली है। UPSC परीक्षा पास करने के बाद उन्हें नागालैंड कैडर मिला था।बाद में उन्होंने कैडर ट्रांसफर कराया और मध्यप्रदेश कैडर में आए। इसके बाद उन्होंने मध्यप्रदेश कैडर की IAS अधिकारी सुफिया फारुखी से शादी की। वर्तमान में दोनों मध्यप्रदेश में ही पदस्थ हैं।
2021 में दिग्विजय सिंह से हुआ था विवाद
इरशाद वली का नाम जुलाई 2021 में भोपाल में हुए एक प्रदर्शन के दौरान भी चर्चा में आया था। उस समय वह भोपाल के DIG थे। गोविंदपुरा में पार्क की जमीन को लेकर दिग्विजय सिंह और कांग्रेस नेताओं की मौजूदगी में प्रदर्शन हुआ था।प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कांग्रेस नेताओं के बीच तीखी बहस हुई। दिग्विजय सिंह और कांग्रेस नेताओं के बैरिकेड की ओर बढ़ने के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई थी।
बैरिकेड पर चढ़कर पुलिस ने संभाली स्थिति
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं द्वारा बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की गई। इसी दौरान इरशाद वली भी बैरिकेड पर चढ़ गए और पुलिस बल के साथ स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की।इस घटना के बाद इरशाद वली की सख्त पुलिस अधिकारी वाली छवि और चर्चा में आई थी। अब सागर में जहरीली शराब कांड के बाद उन्हें बड़ी जिम्मेदारी मिली है और पहले ही दिन उनके एक्शन से पुलिस महकमे में सक्रियता बढ़ती दिखाई दे रही है।