कोलकाता: पश्चिम बंगाल में बुनियादी ढांचे और हवाई संपर्क (एयर कनेक्टिविटी) को बढ़ावा देने के लिए कोलकाता के नजदीकी शहर कल्याणी में एक नया हवाई अड्डा (एयरपोर्ट) विकसित करने की योजना पर काम चल रहा है। सड़क मार्ग से कोलकाता से कल्याणी की दूरी लगभग 50 किलोमीटर है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, एक तरफ कल्याणी की भौगोलिक स्थिति और दूसरी तरफ पश्चिम बंगाल का इकलौता अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) कल्याणी में होने के कारण, यहां एयरपोर्ट बनाने के प्रस्ताव को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भंगड़ की जगह कल्याणी पर बनी सहमति
प्रशासनिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कल्याणी में हवाई अड्डे के लिए जमीन चिन्हित करने का प्रारंभिक काम करीब चार साल पहले ही शुरू कर दिया गया था। इससे पहले, प्रशासन ने एयरपोर्ट के निर्माण के लिए दक्षिण 24 परगना के भंगड़ में जमीन चिन्हित की थी। हालांकि, बाद में भंगड़ में हवाई अड्डा बनाने को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों के बीच सहमति नहीं बन सकी। कई तकनीकी और व्यावहारिक कारणों से भंगड़ की योजना को आगे नहीं बढ़ाया गया, जिसके बाद प्रशासन ने कल्याणी को इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए अंतिम विकल्प के रूप में चुना।
एम्स और कल्याणी का महत्व
कल्याणी में एम्स अस्पताल होने की वजह से न केवल पश्चिम बंगाल, बल्कि पड़ोसी राज्यों और देशों (जैसे बांग्लादेश) से भी बड़ी संख्या में मरीज इलाज के लिए यहाँ आते हैं। ऐसे में कल्याणी में एयरपोर्ट बनने से मेडिकल टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा और आपातकालीन मरीजों को एयर एम्बुलेंस की सुविधा आसानी से मिल सकेगी। इसके साथ ही, कोलकाता एयरपोर्ट (दमदम) पर बढ़ते विमानों के दबाव को कम करने में भी यह नया एयरपोर्ट बेहद मददगार साबित होगा।