कृष्णनगर (नदिया): पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेताओं पर शुरू हुई जनता की 'अंडा थेरेपी' और कानूनी कार्रवाई का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब राज्य के पूर्व कारागार मंत्री (Ex-Jail Minister) उज्ज्वल विश्वास को राहत सामग्री (Relief Materials) की कथित तस्करी और हेराफेरी के आरोप में मंगलवार देर रात गिरफ्तार कर लिया गया है। बुधवार को कृष्णनगर जिला अदालत ने उन्हें 6 दिनों की पुलिस हिरासत (Police Custody) में भेजने का निर्देश दिया।
अपने ही घर में हुए थे नजरबंद, बरसे थे अंडे
घटनाक्रम के मुताबिक, मंगलवार दोपहर को पूर्व मंत्री उज्ज्वल विश्वास के कृष्णनगर स्थित आवास पर उस समय भारी बवाल खड़ा हो गया, जब वे अपने घर से कृष्णनगर ब्लॉक-2 के बीडीओ (BDO) कार्यालय में राहत सामग्री वापस भेज रहे थे। इसी दौरान स्थानीय लोगों ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया और राहत सामग्री की तस्करी का आरोप लगाते हुए जोरदार हंगामा शुरू कर दिया।
गुस्साई भीड़ ने पूर्व मंत्री को उनके ही घर में बंधक (घिराव) बना लिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने उन पर जमकर अंडे भी बरसाए। हालात बिगड़ते देख कोतवाली थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और भारी मशक्कत के बाद उज्ज्वल विश्वास को भीड़ से निकालकर थाने ले गई। इसके बाद अस्पताल में उनका मेडिकल टेस्ट कराया गया और मंगलवार देर रात देवाशीष विश्वास नामक व्यक्ति की शिकायत के आधार पर उन्हें आधिकारिक तौर पर गिरफ्तार कर लिया गया।
'अंडा अटैक' से बचाने के लिए सुबह 7 बजे ही कोर्ट पहुंची पुलिस
हाल के दिनों में गिरफ्तार हुए तृणमूल नेताओं, विधायकों और पार्षदों को जब भी कोर्ट परिसर में लाया गया, तो उन्हें जनता के भारी आक्रोश और अंडों के हमले का सामना करना पड़ा है। इस डर से उज्ज्वल विश्वास को बचाने के लिए कोतवाली थाना पुलिस बुधवार सुबह 7 बजे ही उन्हें कृष्णनगर जिला अदालत ले आई। हालाँकि, अदालत की कार्यवाही दोपहर में शुरू होनी थी।
बाहर हाथों में अंडे लिए खड़ी रही भीड़, न्यायाधीश ने सुरक्षित रखा था फैसला
बुधवार दोपहर करीब 2:30 बजे पूर्व मंत्री उज्ज्वल विश्वास को कृष्णनगर जिला अदालत के एजलास (कटघरे) में पेश किया गया। पुलिस की सुबह की चालाकी के बावजूद, दोपहर होते-होते अदालत परिसर के बाहर हजारों लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। प्रदर्शन कर रहे कई लोगों के हाथों में अंडे देखे गए, जो पूर्व मंत्री पर निशाना साधने के लिए तैयार थे।
अदालत परिसर के बाहर बढ़ते तनाव को देखते हुए न्यायाधीश ने कुछ समय के लिए अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। बाद में, कोर्ट ने मामले की गंभीरता और पुलिस की दलीलों को स्वीकार करते हुए पूर्व मंत्री उज्ज्वल विश्वास को 6 दिनों की पुलिस रिमांड पर भेजने का आदेश सुनाया। इसके तुरंत बाद पुलिस सुरक्षा घेरे में उन्हें वापस थाने ले गई।
राहत सामग्री घोटाले में पूर्व मंत्री की इस गिरफ्तारी ने नदिया जिले सहित पूरे पश्चिम बंगाल के राजनीतिक गलियारों में खलबली मचा दी है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस तस्करी के पीछे और कौन-कौन से रसूखदार लोग शामिल हैं।