कोलकाता: पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन और बदले राजनीतिक समीकरणों के बीच तृणमूल कांग्रेस (TMC) के छात्र संगठन तृणमूल छात्र परिषद (TMCP) का स्थापना दिवस शुक्रवार, 28 अगस्त 2026 को कोलकाता में अलग अंदाज में मनाया जा रहा है। संगठन के भीतर वर्चस्व को लेकर जारी खींचतान के बीच इस बार स्थापना दिवस पर दो विरोधी धड़ों ने शहर में अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए। कलकत्ता हाई कोर्ट के निर्देशों और निर्धारित शर्तों के तहत दोनों गुटों को अलग-अलग स्थानों पर कार्यक्रम आयोजित करने की अनुमति दी गई है। इसके चलते दक्षिण और मध्य कोलकाता में राजनीतिक गतिविधियां तेज रहीं।
कैथेड्रल रोड पर ममता-अभिषेक गुट का कार्यक्रम
कालीघाट गुट की ओर से दक्षिण कोलकाता में बिड़ला तारामंडल के सामने कैथेड्रल रोड, सेंट पॉल्स कैथेड्रल के आसपास स्थापना दिवस कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम स्थल पर पार्टी की संस्थापिका ममता बनर्जी और राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के बड़े पोस्टर लगाए गए। इस धड़े के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी के संबोधन के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। नेताओं ने अपने भाषणों में भाजपा और राज्य में चल रही विभिन्न प्रशासनिक कार्रवाइयों को लेकर सरकार पर निशाना साधा।
रानी रासमणि एवेन्यू में ऋतब्रत गुट का शक्ति प्रदर्शन
दूसरी ओर, पूर्व राज्यसभा सांसद ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले धड़े ने मध्य कोलकाता के रानी रासमणि एवेन्यू में अलग स्थापना दिवस समारोह आयोजित किया। इस गुट की ओर से कार्यक्रम के जरिए छात्र संगठन के भीतर अपनी राजनीतिक और संगठनात्मक ताकत दिखाने की कोशिश की गई। कार्यक्रम स्थल पर छात्र-युवा कार्यकर्ताओं की मौजूदगी रही और अलग-अलग बैनर व पोस्टरों के जरिए राजनीतिक संदेश दिए गए।
हाई कोर्ट ने लगाई कई पाबंदियां
दोनों कार्यक्रमों को अनुमति देते हुए कलकत्ता हाई कोर्ट ने कानून-व्यवस्था और यातायात को ध्यान में रखते हुए कई शर्तें तय की थीं। प्रत्येक कार्यक्रम में अधिकतम 1,500 लोगों के शामिल होने की सीमा रखी गई। दोनों कार्यक्रमों का समय दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक निर्धारित किया गया। यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के लिए सड़क के एक हिस्से को आवागमन के लिए खुला रखने का निर्देश दिया गया। आयोजकों को सुरक्षा व्यवस्था में सहयोग करने और निर्धारित नियमों का पालन करने के लिए कहा गया। इन शर्तों के बीच दोनों स्थानों पर पुलिस की तैनाती भी की गई।
पोस्टरों और नारों के जरिए दिखी गुटबाजी
कैथेड्रल रोड और रानी रासमणि एवेन्यू, दोनों जगहों पर कार्यकर्ताओं के हाथों में विभिन्न नारे लिखे पोस्टर और बैनर नजर आए। दोनों धड़े अपने-अपने नेतृत्व और संगठनात्मक दावे को मजबूत करने की कोशिश करते दिखाई दिए। कालीघाट गुट के समर्थकों ने दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस का वास्तविक नेतृत्व ममता बनर्जी के हाथों में है और उनके नेतृत्व में छात्र संगठन एकजुट रहेगा।
स्थापना दिवस पर खुलकर सामने आई अंदरूनी खींचतान
TMCP स्थापना दिवस के मौके पर एक ही शहर में दो अलग-अलग कार्यक्रमों का आयोजन संगठन के भीतर चल रही राजनीतिक खींचतान को सामने ले आया है। एक ओर ममता-अभिषेक समर्थक धड़ा अपनी सांगठनिक पकड़ का प्रदर्शन कर रहा है, वहीं ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाला गुट अलग कार्यक्रम के जरिए अपनी ताकत दिखा रहा है। दोनों कार्यक्रमों के कारण 28 अगस्त को कोलकाता में छात्र राजनीति के साथ-साथ राज्य की व्यापक राजनीतिक गतिविधियां भी चर्चा के केंद्र में रहीं।