खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा है कि प्रदेश में एलपीजी उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की परेशानी नही हो, इस हेतु लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि सभी जिला कलेक्टर्स को निर्देशित किया गया है कि किसी भी स्थिति में वितरक स्तर पर एलपीजी सिलेंडर की जमाखोरी और कालाबाजारी की स्थिति निर्मित नहीं हो। मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा है कि वर्तमान में प्रदेश में पेट्रोल, डीजल एवं घरेलू गैस सिलेण्डर का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है एवं आपूर्ति बनी हुई है।
एलपीजी की आपूर्ति एवं विपणन केवल घरेलू एलपीजी उपभोक्ताओं को किया जाये
वर्तमान वैश्विक परिदृश्य के कारण आयात में हुई रुकावट को देखते हुए पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय भारत सरकार द्वारा सभी सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कम्पनियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये हैं कि एलपीजी की आपूर्ति एवं विपणन केवल घरेलू एलपीजी उपभोक्ताओं को किया जाये। ऑयल कम्पनियों द्वारा घरेलू उपभोक्ताओं को नियमित रूप से गैस की सप्लाई सुनिश्चित करने के लिये वितरण प्रणाली में कुछ उपाय शुरू किये गये हैं। अब पिछली डिलीवरी के 25 दिन बाद ही रिफिल बुकिंग स्वीकार की जा रही है। इसका उद्देश्य कालाबाजारी और अफरा-तफरी को रोकना तथा उपभोक्ताओं को नियमित रूप से समान वितरण सुनिश्चित करना है। इन परिस्थितियों में ऑयल कम्पनियों द्वारा तय किया गया है कि वर्तमान में चिकित्सालय एवं शैक्षणिक संस्थाओं के अलावा किसी और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं (होटल, मॉल, वल्क एलपीजी का उपयोग करने वाले औद्योगिक क्षेत्र, फैक्ट्री आदि) को कॉमर्शियल एलपीजी की सप्लाई नहीं की जायेगी।
घरेलू सिलेण्डर की उपलब्धता की समीक्षा
जिला कलेक्टर्स को निर्देशित किया गया है कि जिला स्तर पर खाद्य विभाग तथा ऑयल कम्पनी के अधिकारी और एलपीजी वितरकों के साथ नियमित रूप से बैठक कर वाणिज्यिक और घरेलू सिलेण्डर की उपलब्धता की समीक्षा करें। साथ ही जिले के बड़े वाणिज्यिक उपभोक्ताओं की भी बैठक कर उनके पास उपलब्ध स्टॉक का विवेकपूर्ण उपयोग करने एवं उनकी ईंधन आवश्यकताओं को पूरा करने के लिये वैकल्पिक ईंधन आपूर्ति/स्रोतों का उपयोग करने की सलाह दी जाये।
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