रायपुर। राजधानी रायपुर में रविवार को कांग्रेस ने 'छात्रों की गूंज' अभियान के तहत प्रेस वार्ता आयोजित की। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि यह अभियान छात्रों की आवाज को देशभर तक पहुंचाने के लिए शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राहुल गांधी द्वारा उठाए गए शिक्षा और छात्र हितों के मुद्दों को जनता के बीच ले जा रही है।
'छात्रों की पुकार सुनने का अभियान'
डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि 'छात्रों की गूंज' अभियान छात्रों की चीखों और उनकी पुकार को सुनने का प्रयास है। उनके मुताबिक, राहुल गांधी ने देशभर में इस अभियान की शुरुआत की है और अब कांग्रेस सभी राज्यों में इसे आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करना कांग्रेस की प्राथमिकता है।
पेपर लीक को बताया संगठित अपराध
प्रेस वार्ता में महंत ने प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों को गंभीर बताते हुए कहा कि देशभर में अब तक 152 पेपर लीक हो चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता के संरक्षण में यह समस्या एक संगठित अपराध का रूप ले चुकी है, जिससे लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है।
शिक्षा के बाजारीकरण और निजीकरण पर सवाल
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि देश में शिक्षा का लगातार बाजारीकरण और निजीकरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि शिक्षा सभी के लिए समान अवसर का माध्यम होनी चाहिए, न कि आर्थिक स्थिति पर निर्भर व्यवस्था। कांग्रेस शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और समान अवसर सुनिश्चित करने की पक्षधर है।
दोषियों पर कार्रवाई और छात्रों को मुआवजे की मांग
डॉ. महंत ने मांग की कि पेपर लीक के मामलों में शामिल दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही जिन छात्रों का भविष्य इन घटनाओं से प्रभावित हुआ है, उन्हें उचित मुआवजा और न्याय मिलना चाहिए।
सरकार पर साधा निशाना
महंत ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि देश में संविधान का सही ढंग से पालन नहीं हो रहा, बल्कि कानूनों का उल्लंघन बढ़ता जा रहा है। उन्होंने कहा, "जो सरकार परीक्षा के पेपर सुरक्षित नहीं रख पा रही है, वह देश को कैसे सुरक्षित रख पाएगी?" उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता।