श्रावणी मेले के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम (देवघर) जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए भारतीय रेलवे ने बड़ी सौगात दी है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए नेताजी सुभाष चंद्र बोस इतवारी–मधुपुर–इतवारी साप्ताहिक श्रावणी मेला स्पेशल ट्रेन चलाने का फैसला किया है। यह विशेष ट्रेन 1 अगस्त से 30 अगस्त 2026 तक संचालित होगी और रायपुर सहित छत्तीसगढ़ के कई प्रमुख शहरों के यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा। हर साल सावन के महीने में लाखों श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ धाम जलाभिषेक के लिए पहुंचते हैं। इसी भीड़ को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने यह विशेष सेवा शुरू की है, जिससे यात्रियों को सामान्य ट्रेनों में सीटों की कमी और लंबी वेटिंग जैसी परेशानियों से राहत मिलेगी।
क्या है रेलवे की नई व्यवस्था?
श्रावणी मेले के दौरान झारखंड स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम में श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाती है। इसे देखते हुए दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने विशेष ट्रेन चलाने का निर्णय लिया है। यह ट्रेन छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और झारखंड के यात्रियों को सीधी सुविधा उपलब्ध कराएगी। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस स्पेशल ट्रेन के संचालन से नियमित ट्रेनों पर दबाव भी कम होगा और श्रद्धालु अधिक आरामदायक यात्रा कर सकेंगे।
इतवारी से मधुपुर तक कब चलेगी ट्रेन?
गाड़ी संख्या 08895 (इतवारी–मधुपुर स्पेशल)
संचालन अवधि: 1 अगस्त से 29 अगस्त 2026
आवृत्ति: प्रत्येक शनिवार
प्रस्थान: सुबह 4:30 बजे (इतवारी)
आगमन: अगले दिन सुबह 6:00 बजे (मधुपुर)
किन-किन स्टेशनों पर रुकेगी ट्रेन?
यात्रा के दौरान ट्रेन निम्न प्रमुख स्टेशनों पर ठहरेगी-
प्रमुख स्टेशन
इतवारी
डोंगरगढ़
राजनांदगांव
दुर्ग
रायपुर
भाटापारा
बिलासपुर
चांपा
रायगढ़
बेलपहाड़
ब्रजराजनगर
मधुपुर
इस रूट से यात्रा करने वाले हजारों श्रद्धालुओं को सीधा लाभ मिलेगा।
वापसी का शेड्यूल
गाड़ी संख्या 08896 (मधुपुर–इतवारी स्पेशल)
संचालन अवधि: 2 अगस्त से 30 अगस्त 2026
आवृत्ति: प्रत्येक रविवार
प्रस्थान: सुबह 9:00 बजे (मधुपुर)
इतवारी पहुंचने से पहले यह ट्रेन रायगढ़, बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग सहित कई प्रमुख स्टेशनों पर रुकेगी।
श्रद्धालुओं को क्या होगा फायदा?
इस स्पेशल ट्रेन के संचालन से-
सावन में यात्रा करना होगा आसान।
वेटिंग टिकट की समस्या कम होगी।
परिवार के साथ सुविधाजनक यात्रा संभव होगी।
रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर के यात्रियों को सीधा रेल कनेक्शन मिलेगा।
देवघर पहुंचने में अतिरिक्त ट्रेनों की तलाश नहीं करनी पड़ेगी।
श्रावणी मेले का महत्व
झारखंड के देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम देश के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है। सावन महीने में यहां लाखों शिवभक्त जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। विशेष रूप से सुल्तानगंज से गंगाजल लेकर आने वाले कांवरियों की संख्या हर वर्ष रिकॉर्ड स्तर पर होती है। इसी वजह से रेलवे हर साल अतिरिक्त ट्रेनों का संचालन करता है।
यात्रियों के लिए जरूरी सलाह
टिकट समय रहते बुक करा लें।
यात्रा से पहले ट्रेन का समय और प्लेटफॉर्म अवश्य जांचें।
भीड़ को देखते हुए स्टेशन पर समय से पहले पहुंचें।
रेलवे के नियमों और सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।
अधिक सामान ले जाने से बचें ताकि यात्रा सुविधाजनक रहे।