अयोध्या | अयोध्या में दिव्य दीपोत्सव को लेकर तैयारियां पूरी हो गई हैं। सरयू नदी के तट पर बसी रामनगरी एक बार फिर लाखों दीपों की रोशनी से जगमगाने को तैयार है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर दीपोत्सव को आस्था, गौरव और सांस्कृतिक एकता का महापर्व बताया। उन्होंने इस भव्य आयोजन में शामिल होने आ रहे उपराष्ट्रपति, विदेशी राजनयिकों, साधु-संतों और रामभक्तों का स्वागत किया है।
लाखों दीपों से रोशन होगी रामनगरी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में लिखा कि वर्षों की प्रतीक्षा और करोड़ों सनातनी आस्थाओं का प्रतिफल आज लाखों दीपों की स्वर्णिम आभा के रूप में दिखाई देगा। उन्होंने कहा कि दीपोत्सव अंधकार पर प्रकाश और सत्य एवं धर्म की शाश्वत विजय का संदेश देता है। सीएम योगी ने अयोध्या के वातावरण को उल्लास और भक्ति से भरा बताते हुए कहा कि अवधपुरी का कण-कण इस आयोजन को लेकर आह्लादित है।
उपराष्ट्रपति और विदेशी मेहमानों का होगा स्वागत
मुख्यमंत्री के अनुसार, दीपोत्सव की गरिमा बढ़ाने के लिए उपराष्ट्रपति, विभिन्न मित्र देशों के राजदूत, उच्चायुक्त और राजनयिकों के साथ देश-विदेश से कई विशिष्ट अतिथि अयोध्या पहुंच रहे हैं। उन्होंने पूज्य साधु-संतों और रामभक्तों का भी प्रभु श्रीराम की जन्मभूमि पर हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन किया।
सांस्कृतिक एकता और वसुधैव कुटुम्बकम् का संदेश
सीएम योगी ने अपने संदेश में कहा कि दीपोत्सव समता, समरसता, सांस्कृतिक एकात्मता और 'वसुधैव कुटुम्बकम्' की भावना का प्रतीक है। उन्होंने उम्मीद जताई कि देश-विदेश से आए अतिथियों की मौजूदगी इस आयोजन को ऐतिहासिक और अविस्मरणीय बनाएगी। मुख्यमंत्री ने लोगों से धर्म, मर्यादा और आलोक के इस महापर्व का साक्षी बनने की अपील करते हुए 'जय श्री राम' का उद्घोष किया।