अयोध्या. अयोध्या के रामकथा पार्क में आयोजित भव्य समारोह में भगवान राम माता सीता और लक्ष्मण के राज्याभिषेक का पावन अनुष्ठान संपन्न हुआ। पूरे परिसर में श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत माहौल देखने को मिला। हजारों की संख्या में श्रद्धालु और अतिथि इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बने। पारंपरिक वैदिक रीति रिवाजों के साथ संपन्न इस समारोह ने अयोध्या की आध्यात्मिक पहचान को और मजबूत किया। राज्याभिषेक के दौरान पूरे पार्क में भक्तिमय वातावरण छाया रहा और उपस्थित सभी लोगों ने इसमें सक्रिय रूप से भाग लिया। यह आयोजन दसवें दीपोत्सव की तैयारियों के बीच हुआ जिससे उत्सव का महत्व और बढ़ गया।
सीएम योगी और उपराष्ट्रपति की विशेष श्रद्धा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भगवान राम को माला पहनाकर अपनी गहरी आस्था व्यक्त की। इसी दौरान उपराष्ट्रपति ने राम सीता और लक्ष्मण के माथे पर तिलक लगाकर उन्हें नमन किया। दोनों गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति ने समारोह को राष्ट्रीय महत्व प्रदान किया। मुख्यमंत्री के माला पहनाने और उपराष्ट्रपति के तिलक करने के दृश्य ने उपस्थित श्रद्धालुओं के हृदय को भक्ति से भर दिया। यह क्षण अयोध्या की धार्मिक परंपरा और वर्तमान शासन की आस्था का सुंदर संगम बन गया। पूरे समारोह में अनुशासन और श्रद्धा दोनों बने रहे।
हेलिकॉप्टर से पुष्पवर्षा और रथ की सवारी
राज्याभिषेक के बाद हेलिकॉप्टर से फूलों की वर्षा कर पूरे वातावरण को दिव्य बना दिया गया। पुष्पवर्षा के बीच भगवान राम माता सीता और लक्ष्मण को रथ पर विराजमान किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित दोनों उप मुख्यमंत्रियों ने स्वयं रथ की रस्सी पकड़कर उसे खींचा। इस दृश्य ने भक्तों के बीच अपार उत्साह और भावुकता पैदा कर दी। रथ यात्रा के दौरान लोग जय श्री राम के नारे लगा रहे थे और पूरे मार्ग में भक्ति का संचार हो रहा था। यह परंपरागत श्रद्धा का आधुनिक रूप में सुंदर प्रदर्शन था।
दसवें दीपोत्सव की भव्य तैयारियां जोरों पर
अयोध्या में दसवें दीपोत्सव को ऐतिहासिक बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। पूरे नगर को पारंपरिक दीपों के साथ आधुनिक रोशनी से सजाया जा रहा है ताकि श्रद्धालुओं को अद्भुत दृश्य का आनंद मिल सके। प्रशासन और स्थानीय संगठनों के सहयोग से सजावट का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। दीपोत्सव को भव्य बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं ताकि यह आयोजन विश्व स्तर पर चर्चा का विषय बने। अयोध्यावासी और श्रद्धालु दोनों इसकी सफलता के लिए उत्सुक हैं।
राम की पैड़ी पर 30 लाख दीपों का भव्य आयोजन
दीपोत्सव की सबसे बड़ी आकर्षण राम की पैड़ी पर 30 लाख दीप प्रज्ज्वलित करने की तैयारी है। सरयू नदी के किनारे फैली इस ऐतिहासिक पैड़ी को दीपों से नहलाया जाएगा जिससे पूरा क्षेत्र जगमगा उठेगा। लाखों दीपों की रोशनी में राम की पैड़ी का दृश्य अद्वितीय होने वाला है। श्रद्धालु इस दिव्य नजारे के साक्षी बनने के लिए पहले से उत्सुक हैं। प्रशासन की ओर से सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं ताकि यह आयोजन निर्बाध रूप से संपन्न हो सके।
धर्मपथ पर डिजिटल स्तंभों से रामायण के दर्शन
धर्मपथ पर 50 डिजिटल स्तंभ स्थापित किए जा रहे हैं जिनके माध्यम से रामायण के विभिन्न प्रसंग दिखाए जाएंगे। नेशनल हाईवे से प्रवेश द्वार तक दोनों ओर 12 12 फीट ऊंचे ये स्तंभ डिजिटल लाइट शो का हिस्सा होंगे। आधुनिक तकनीक के जरिए रामायण की कथा को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया जाएगा जिससे श्रद्धालुओं को नया अनुभव मिलेगा। पारंपरिक दीपों के साथ डिजिटल प्रस्तुति का यह मिश्रण दीपोत्सव को और आकर्षक बनाने वाला है। पूरा धर्मपथ रोशनी और भक्तिमय कथाओं से सराबोर रहेगा।