उत्तरप्रदेश में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो गया है। बुधवार सुबह से प्रयागराज, बरेली, मुरादाबाद, ललितपुर समेत 25 से अधिक शहरों में बारिश दर्ज की गई। वहीं कानपुर, आगरा, मथुरा सहित कई जिलों में दिनभर बादल छाए रहे। बारिश और ठंडी हवाओं के चलते लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली।
आजमगढ़ में दोपहर करीब साढ़े तीन बजे तेज बारिश हुई, जिससे कई सड़कों पर घुटनों तक पानी भर गया। राजधानी लखनऊ में भी हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई। बिजनौर में मूसलाधार बारिश के कारण कई सड़कों पर करीब दो फीट तक जलभराव हो गया। वहीं ललितपुर रेलवे स्टेशन के वेटिंग हॉल और जीआरपी थाने में भी बारिश का पानी भर गया। फतेहपुर में तेज आंधी के कारण एक ई-रिक्शा पलट गया, जबकि बदायूं में खेतों में पानी भरने से किसानों को राहत मिली।
55 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बुधवार को प्रदेश के 55 जिलों में तेज बारिश, आंधी और गरज-चमक की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में मानसून का असर और अधिक बढ़ेगा, जिससे प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होने की संभावना है।
10 दिन की देरी से यूपी पहुंचा मानसून
मौसम विभाग के मुताबिक, मंगलवार (30 जून) को मानसून ने सोनभद्र और महराजगंज के रास्ते उत्तर प्रदेश में प्रवेश किया। इसके प्रभाव से पूर्वी उत्तर प्रदेश के 20 से अधिक जिलों में तेज हवाओं के साथ अच्छी बारिश हुई।
आईएमडी के अनुसार, मानसून करीब 19 दिनों तक यूपी-बिहार सीमा पर ठहरा रहा, जिसके बाद अब यह तेजी से आगे बढ़ रहा है। सामान्य तौर पर मानसून 20 जून तक उत्तरप्रदेश पहुंच जाता है, लेकिन इस वर्ष इसकी एंट्री करीब 10 दिन की देरी से हुई है। अब अगले कुछ दिनों में पूरे प्रदेश में बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना है।