पुरुलिया: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले से एक प्रेरणादायक तस्वीर सामने आई है। 100 वर्ष से अधिक आयु के बताए जा रहे बलराम प्रमाणिक ने योग शिविर में हिस्सा लेकर न सिर्फ लोगों को प्रेरित किया, बल्कि कठिन योगासन कर अपनी फिटनेस का भी शानदार प्रदर्शन किया। उनकी ऊर्जा और लचीलापन देखकर कार्यक्रम में मौजूद लोग हैरान रह गए।
पोते का हाथ पकड़कर पहुंचे योग शिविर
पुरुलिया के जयपुर ब्लॉक स्थित शिरामपुर गांव के निवासी बलराम प्रमाणिक प्रशासन द्वारा आयोजित योग दिवस कार्यक्रम में अपने पोते के साथ पहुंचे। उम्र के इस पड़ाव पर भी उनका उत्साह युवाओं जैसा दिखाई दिया। कार्यक्रम में उन्होंने अन्य प्रतिभागियों के साथ योगाभ्यास किया और पूरे समय सक्रिय नजर आए।

सर्वांगासन और मयूरासन कर बटोरीं सुर्खियां
योग शिविर के दौरान बलराम प्रमाणिक ने कई कठिन योगासन करके सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया। उन्होंने सर्वांगासन और मयूरासन जैसे चुनौतीपूर्ण आसनों का प्रदर्शन किया, जिसे देखकर दर्शकों ने तालियां बजाकर उनका उत्साह बढ़ाया। अधिकारियों और स्थानीय लोगों ने उनकी फिटनेस की जमकर सराहना की।
पूरे बंगाल में दिखा योग का उत्साह
इस वर्ष विश्व योग दिवस पर पश्चिम बंगाल के विभिन्न जिलों में बड़े पैमाने पर कार्यक्रम आयोजित किए गए। कोलकाता के रेड रोड से लेकर गांव-कस्बों तक लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इसी कड़ी में पुरुलिया के बलराम प्रमाणिक की कहानी लोगों के लिए प्रेरणा का केंद्र बन गई।

उम्र नहीं, इच्छाशक्ति मायने रखती है
बलराम प्रमाणिक ने अपने प्रदर्शन से यह संदेश दिया कि नियमित योग और अनुशासित जीवनशैली व्यक्ति को लंबे समय तक स्वस्थ और सक्रिय बनाए रख सकती है। उनकी भागीदारी ने योग दिवस के महत्वe को और भी खास बना दिया।