कोलकाता: कांग्रेस द्वारा राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ के शुरुआती अंशों के गायन को लेकर जारी विवाद और जादवपुर विश्वविद्यालय में हुई हिंसक झड़पों के बीच पश्चिम बंगाल की मंत्री अग्निमित्रा पाल ने कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सोनिया गांधी और राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें भारत माता और वंदे मातरम के सम्मान को समझना चाहिए।
सोनिया गांधी पर तीखी टिप्पणी
अग्निमित्रा पाल ने कांग्रेस नेतृत्व पर हमला बोलते हुए कहा कि सोनिया गांधी मूल रूप से इटली से आई हैं और इसी वजह से उन्हें भारत माता के प्रति सम्मान की भावना समझ नहीं आती। उन्होंने कहा कि यदि कोई भारत में रहता है, तो उसे देश और उसके राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस पर तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि वंदे मातरम के सम्मान के मामले में किसी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि धर्म, जाति या राजनीतिक विचारधारा अलग हो सकती है, लेकिन भारत के प्रति सम्मान सभी के लिए जरूरी है।
जादवपुर विश्वविद्यालय हिंसा पर भी हमला
जादवपुर विश्वविद्यालय में ABVP और वामपंथी छात्र संगठनों के बीच हुई झड़प को लेकर भी अग्निमित्रा पाल ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय परिसर में लंबे समय से उग्र-वामपंथी राजनीति और अराजकता को बढ़ावा देने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थान पढ़ाई और शोध के लिए होते हैं, न कि हिंसा, घेराव और राजनीतिक टकराव के लिए। मंत्री ने वर्ष 2019 में जादवपुर विश्वविद्यालय की अपनी यात्रा का जिक्र करते हुए दावा किया कि उस दौरान भी उन्हें विरोध और हमले का सामना करना पड़ा था।
‘गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं होगी’
अग्निमित्रा पाल ने कहा कि विश्वविद्यालय में वीसी का घेराव, मारपीट, धमकी देना या कक्षाएं बाधित करना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल में शैक्षणिक परिसरों में हिंसा और अराजकता को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वंदे मातरम विवाद और जादवपुर हिंसा पर मंत्री के बयान के बाद बंगाल की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर और तेज होने के आसार हैं।