दिल्ली. दिल्ली-NCR में इस सप्ताह गर्मी अपने चरम पर पहुंच सकती है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार राजधानी और आसपास के इलाकों में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की आशंका है। लगातार बढ़ती गर्मी और लू जैसी परिस्थितियों को देखते हुए मौसम विभाग ने पूरे क्षेत्र के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाएं लोगों के लिए गंभीर परेशानी पैदा कर सकती हैं। दिल्ली के साथ-साथ पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में भी भीषण गर्मी पड़ने की संभावना जताई गई है।
इस साल का सबसे गर्म दिन बना मंगलवार
मंगलवार को दिल्ली ने इस मौसम का अब तक का सबसे गर्म दिन दर्ज किया। सफदरजंग वेधशाला, जिसे राजधानी का आधिकारिक मौसम केंद्र माना जाता है, वहां अधिकतम तापमान 45.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। यह सामान्य तापमान से लगभग 4.7 डिग्री अधिक था। वहीं शहर के कई अन्य इलाकों में स्थिति और भी गंभीर दिखाई दी। रिज क्षेत्र में तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि आयानगर में 45.5 डिग्री और लोधी रोड क्षेत्र में 45.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। विशेषज्ञों के अनुसार यह गर्मी मई के अंतिम सप्ताह में और अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकती है।
सिर्फ दिन नहीं, अब रातें भी बन रहीं मुश्किल
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि केवल दिन का तापमान ही नहीं, बल्कि रातें भी असामान्य रूप से गर्म बनी रहेंगी। उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और विदर्भ के कई हिस्सों में सूर्यास्त के बाद भी तापमान ऊंचा रहने की संभावना जताई गई है। लगातार गर्म बनी रहने वाली रातों के कारण शरीर को दिनभर की तपिश से उबरने का पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाता। डॉक्टरों का कहना है कि यह स्थिति विशेष रूप से बुजुर्गों, छोटे बच्चों और पहले से बीमार लोगों के लिए खतरनाक साबित हो सकती है।
गर्मी के साथ खराब हुई दिल्ली की हवा
भीषण गर्मी का असर राजधानी की वायु गुणवत्ता पर भी दिखाई देने लगा है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार शाम 4 बजे तक दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक 208 तक पहुंच गया, जो 28 अप्रैल के बाद सबसे खराब स्तर माना जा रहा है। बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने ‘ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान’ के तहत पहले चरण की पाबंदियां लागू कर दी हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक गर्मी और स्थिर वातावरण के कारण प्रदूषक कण तेजी से जमा हो रहे हैं, जिससे हवा की गुणवत्ता और खराब हो सकती है।
लगातार चौथे लू वाले दिन ने बढ़ाई चिंता
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मंगलवार इस वर्ष दिल्ली का चौथा ‘हीटवेव डे’ रहा। इससे पहले 23, 24 और 25 अप्रैल को भी राजधानी में लू जैसी परिस्थितियां दर्ज की गई थीं। लगातार बढ़ती गर्मी ने लोगों के स्वास्थ्य और दैनिक जीवन पर असर डालना शुरू कर दिया है। दोपहर के समय सड़कें सूनी दिखाई दे रही हैं और लोग जरूरी कामों के अलावा घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि 25 मई तक तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रह सकता है।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
प्रशासन और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों से गर्मी को लेकर विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। दोपहर और शाम के समय तेज सतही हवाएं चलने की संभावना के बीच लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, हल्के कपड़े पहनने और धूप में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है। डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और थकावट जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ सकती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले कुछ दिन राजधानी और आसपास के इलाकों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं।