कोलकाता: लंबे समय से बंद पड़ी बरानगर जूट मिल के दोबारा शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है। मिल प्रबंधन ने आधिकारिक नोटिस जारी कर बताया है कि 1 जुलाई 2026 से 'सस्पेंशन ऑफ वर्क' वापस लिया जा रहा है। इससे हजारों श्रमिकों और उनके परिवारों में नई उम्मीद जगी है।
4 जुलाई से मेंटेनेंस, 11 जुलाई से उत्पादन
30 जून 2026 को जारी नोटिस के अनुसार, पश्चिम बंगाल सरकार के श्रम मंत्री की मौजूदगी में प्रबंधन और विभिन्न श्रमिक संगठनों के बीच हुई बैठक में मिल खोलने पर सहमति बनी। इसके तहत 4 से 10 जुलाई तक मिल में मेंटेनेंस का कार्य होगा, जबकि 11 जुलाई 2026 को सुबह 6 बजे से चरणबद्ध तरीके से उत्पादन शुरू किया जाएगा।

विधायक बोले- 90 दिनों में वादा पूरा किया
बरानगर के विधायक ने कहा कि यह मिल पिछले 12 दिसंबर से बंद थी। चुनाव परिणाम आने के बाद उन्होंने वादा किया था कि 90 दिनों के भीतर मिल को फिर से चालू कराया जाएगा। अब सरकार, प्रबंधन और श्रमिक संगठनों के सहयोग से यह वादा पूरा हो गया है।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी और उद्योग मंत्री तपस रॉय का जताया आभार
विधायक ने मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी और उद्योग मंत्री तपस रॉय का सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि जनता ने उन पर भरोसा जताया और सरकार ने सकारात्मक पहल कर हजारों श्रमिक परिवारों के भविष्य को सुरक्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
सभी पक्षों से सहयोग की अपील
मिल प्रबंधन और विधायक ने सभी श्रमिक संगठनों से जिम्मेदारी के साथ सहयोग करने की अपील की है। उनका कहना है कि एक जूट मिल केवल उद्योग नहीं बल्कि हजारों परिवारों की आजीविका का आधार होती है। इसलिए इसके सुचारु संचालन के लिए सभी पक्षों का सहयोग आवश्यक है।