कठुआ - जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास एक संदिग्ध कबूतर मिलने से सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है। हीरानगर इलाके के चन्न खत्रियां क्षेत्र में मिले इस कबूतर के पैर में एक रिंग बंधी हुई थी। इस रिंग पर पाकिस्तान के टेलीकॉम कोड वाला मोबाइल नंबर दर्ज होने की बात सामने आई है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं।

पैर में बंधी रिंग ने बढ़ाया शक
बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे इलाके में लोगों की नजर एक कबूतर पर पड़ी। जांच के दौरान उसके पैर में बंधी रिंग मिली, जिस पर एक मोबाइल नंबर लिखा हुआ था। नंबर पाकिस्तान के टेलीकॉम कोड से जुड़ा बताया जा रहा है। मामला सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां इस बात की जांच कर रही हैं कि कबूतर भारत की सीमा में कैसे पहुंचा और उसके पैर में यह रिंग किसने बांधी थी। फिलहाल कबूतर और रिंग को जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है।

पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां कर रही जांच
घटना को देखते हुए पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। सुरक्षा एजेंसियां रिंग पर दर्ज नंबर और उससे जुड़े संभावित कनेक्शन की जानकारी जुटाने में लगी हैं। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि यह महज संयोग है या इसके पीछे किसी तरह की साजिश अथवा संदिग्ध गतिविधि का संबंध है। हालांकि, अभी तक जांच एजेंसियों की ओर से ऐसा कोई आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है, जिससे यह साबित हो कि कबूतर का इस्तेमाल किसी जासूसी गतिविधि के लिए किया गया था। इसलिए मामले की जांच पूरी होने तक इसे केवल संदिग्ध घटना के तौर पर देखा जा रहा है।
अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बढ़ाई गई निगरानी
कठुआ का हीरानगर क्षेत्र अंतरराष्ट्रीय सीमा के करीब स्थित है और सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जाता है। कबूतर मिलने की घटना के बाद एहतियात के तौर पर सीमा से लगे इलाकों में निगरानी और गश्त बढ़ाई गई है। सुरक्षा बल आसपास के क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों पर भी नजर रख रहे हैं। एजेंसियां यह सुनिश्चित करना चाहती हैं कि घटना से जुड़ी कोई अन्य महत्वपूर्ण जानकारी या वस्तु इलाके में मौजूद न हो।
2020 में भी मिला था पाकिस्तानी कबूतर
ऐसी घटना कठुआ में पहली बार सामने नहीं आई है। मई 2020 में भी अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक मनियारी गांव में एक कबूतर पकड़ा गया था। उस समय भी उसके पाकिस्तानी होने को लेकर चर्चा हुई थी। बाद में पाकिस्तान के एक व्यक्ति ने वीडियो जारी कर दावा किया था कि उसने ईद के मौके पर कबूतर उड़ाया था और वह गलती से भारतीय क्षेत्र में पहुंच गया। जांच के बाद उस कबूतर को छोड़ दिया गया था।
जांच पूरी होने के बाद तस्वीर होगी साफ
मौजूदा मामले में सुरक्षा एजेंसियां कबूतर के पैर में मिली रिंग और उस पर दर्ज नंबर की जांच कर रही हैं। साथ ही यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि कबूतर सीमा पार से आया या स्थानीय क्षेत्र में किसी अन्य माध्यम से पहुंचा। फिलहाल एजेंसियां सभी संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि यह घटना महज संयोग थी या इसके पीछे कोई अन्य कारण था।