Rajasthan Weather Today: राजस्थान में मानसून की गतिविधियों में उतार-चढ़ाव का दौर जारी है। शुक्रवार, 21 अगस्त को मौसम विभाग ने प्रदेश के 15 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। वहीं 22 अगस्त को भी 13 जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है। इसके बाद 23 अगस्त से अगले चार-पांच दिनों तक राज्य में मानसून के कमजोर रहने का अनुमान है। बीते 24 घंटे के दौरान पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। धौलपुर में सबसे ज्यादा 29 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि जयपुर के जेएलएन मार्ग पर भी 17 मिमी पानी बरसा। दूसरी ओर बारिश की गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण राज्य के कई हिस्सों में तापमान फिर बढ़ने लगा है। श्रीगंगानगर में गुरुवार को अधिकतम तापमान 40.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
आज 15 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक शुक्रवार को राजस्थान के 15 जिलों में बारिश की संभावना बनी हुई है। इस दौरान कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। हालांकि पूरे प्रदेश में एक समान बारिश होने की उम्मीद नहीं है और कई क्षेत्रों में मौसम शुष्क भी रह सकता है। मौसम का यह बदलाव खासतौर पर पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में देखने को मिल सकता है। वहीं पश्चिमी राजस्थान के बड़े हिस्से में बारिश की गतिविधियां अपेक्षाकृत कमजोर रहने का अनुमान है।
22 अगस्त को भी कई जिलों में बारिश की संभावना
राजस्थान में बारिश का दौर पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार 22 अगस्त को भी 13 जिलों में यलो अलर्ट रहेगा। यानी शनिवार को भी कुछ इलाकों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। हालांकि इसके बाद मौसम का मिजाज बदलने की संभावना है। 23 अगस्त से प्रदेश में मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ सकती हैं और अगले चार-पांच दिनों तक बारिश में कमी आने का अनुमान है।
23 अगस्त से कमजोर रहेगा मानसून
मौसम विभाग के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार पूर्वी भारत के ऊपर बना वेल मार्क्ड लो प्रेशर सिस्टम कमजोर होकर लो प्रेशर एरिया में बदल चुका है। मानसून ट्रफ भी अपनी मौजूदा स्थिति में बनी हुई है, लेकिन आने वाले दिनों में राजस्थान में मानसून की सक्रियता कम होने की संभावना है। विशेष रूप से जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकांश हिस्सों में अगले करीब एक सप्ताह तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है। हालांकि श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और चूरू सहित आसपास के इलाकों में 21 से 23 अगस्त के बीच कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। पूर्वी राजस्थान के उदयपुर, कोटा और अजमेर संभाग में भी अगले कुछ दिनों में मानसून कमजोर रहने की संभावना जताई गई है।
धौलपुर में सबसे ज्यादा 29 MM बारिश
गुरुवार को पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में मौसम बदला और अलग-अलग इलाकों में बारिश हुई। पिछले 24 घंटे के दौरान धौलपुर में सबसे अधिक 29 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। यह करीब एक इंच से ज्यादा पानी के बराबर है। इसके अलावा धौलपुर के बसई नवाब क्षेत्र में 19 मिमी, अलवर के टहला में 16 मिमी, बारां के शाहबाद में 17 मिमी और बारां शहर में 16 मिमी बारिश दर्ज की गई। टोंक में भी करीब 11 मिमी पानी बरसा। कोटा, झालावाड़, भरतपुर और दौसा के कुछ हिस्सों में भी हल्की बारिश हुई।
जयपुर में जेएलएन मार्ग पर 17 MM बारिश
राजधानी जयपुर में गुरुवार को सुबह के समय हल्की धूप रही, लेकिन दोपहर के बाद मौसम ने करवट ली। बादल छाने के बाद शहर के कुछ हिस्सों में बारिश हुई। जेएलएन मार्ग, अजमेरी गेट, रामबाग, 22 गोदाम, ट्रांसपोर्ट नगर और मालवीय नगर समेत कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश देखने को मिली। जेएलएन मार्ग पर 17 मिमी जबकि जयपुर एयरपोर्ट पर 1.4 मिमी बारिश दर्ज की गई। जयपुर शहर में गुरुवार को अधिकतम तापमान 34.3 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहा।
अलवर में करीब एक सप्ताह बाद बदला मौसम
अलवर में करीब एक सप्ताह बाद बारिश देखने को मिली। गुरुवार को सुबह आसमान में बादल छाए रहे और दोपहर के समय कुछ देर धूप निकली। इसके बाद शाम करीब साढ़े पांच बजे शहर के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से तेज बारिश हुई। करीब आधे घंटे की बारिश के कारण कुछ स्थानों पर पानी भी जमा हुआ। बारिश से तापमान में राहत मिली और गर्मी से परेशान लोगों को कुछ राहत महसूस हुई। आने वाले दिनों में भी अलवर और आसपास के इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है।
अजमेर में बादल छाए, उमस ने बढ़ाई परेशानी
अजमेर में मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी बनी हुई है। पिछले कुछ दिनों से आसमान में बादल तो दिखाई दे रहे हैं, लेकिन पर्याप्त बारिश नहीं होने से उमस का असर बना हुआ है। गुरुवार को भी दिनभर बादलों की आवाजाही जारी रही। अजमेर में अधिकतम तापमान 31.1 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने 21 अगस्त के लिए यहां बारिश की संभावना जताई है।
कोटा में बादल रहे, लेकिन उमस से लोग परेशान
कोटा में गुरुवार को दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही। बीच-बीच में हल्की धूप भी निकली। हालांकि तापमान में मामूली गिरावट दर्ज की गई, लेकिन बारिश नहीं होने के कारण उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ाए रखी। कोटा में अधिकतम तापमान 32.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग ने कोटा संभाग में अगले दो दिनों के दौरान बारिश की संभावना जताई है।
उदयपुर में बारिश का इंतजार जारी
उदयपुर में गुरुवार को सुबह से बादल छाए रहे। दिन के दौरान कुछ समय धूप निकली और शाम होते-होते फिर बादलों ने आसमान को घेर लिया। हालांकि पूरे दिन शहर में बारिश नहीं हुई। उदयपुर में अधिकतम तापमान 30.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में यहां भी मानसून कमजोर रहने की संभावना है।
जोधपुर में बादल छाए, लेकिन बारिश नहीं हुई
जोधपुर में गुरुवार को मौसम सामान्य रहा। दिन के दौरान आसमान में बादल दिखाई दिए, लेकिन बारिश नहीं हुई। शहर का अधिकतम तापमान 33.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से करीब 0.1 डिग्री कम था। वहीं न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से करीब 1 डिग्री अधिक है। मौसम विभाग के अनुसार जोधपुर संभाग के अधिकांश हिस्सों में आने वाले दिनों में मौसम शुष्क रह सकता है।
सीकर में बढ़ी उमस, तापमान 36 डिग्री
सीकर में गुरुवार को बारिश नहीं हुई। सुबह हल्के बादल दिखाई दिए, लेकिन बाद में धूप निकल आई। हवा की गति कम रहने के कारण दिनभर उमस का असर महसूस किया गया। सीकर में अधिकतम तापमान 36 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में यहां बारिश की संभावना सीमित रहने का अनुमान है।
श्रीगंगानगर में तापमान 40 डिग्री के पार
राजस्थान के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां कमजोर होने का असर तापमान पर भी दिखाई दे रहा है। गुरुवार को श्रीगंगानगर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 40.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यानी एक ओर पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बारिश हो रही है, वहीं दूसरी तरफ पश्चिमी और उत्तरी इलाकों में गर्मी फिर अपना असर दिखाने लगी है। मौसम विभाग के अगले पूर्वानुमान में भी पश्चिमी राजस्थान के बड़े हिस्से में शुष्क मौसम रहने के संकेत हैं।
राजस्थान में मानसून का अब क्या रहेगा हाल?
मौजूदा मौसम प्रणाली को देखते हुए राजस्थान में अगले दो दिनों तक कुछ इलाकों में बारिश जारी रह सकती है। 21 अगस्त को 15 और 22 अगस्त को 13 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके बाद 23 अगस्त से मानसून की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है। इसका मतलब यह है कि जिन इलाकों में फिलहाल बारिश हो रही है, वहां थोड़ी राहत मिल सकती है, लेकिन राज्य के बड़े हिस्से में फिर से गर्मी और उमस बढ़ने की स्थिति बन सकती है। खासकर पश्चिमी राजस्थान में मौसम शुष्क रहने की संभावना ज्यादा है।
किसानों और आम लोगों को क्या ध्यान रखना चाहिए?
बारिश के अलर्ट वाले इलाकों में लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखनी चाहिए। गरज-चमक के दौरान खुले मैदानों और असुरक्षित स्थानों पर जाने से बचना बेहतर रहेगा। किसानों को भी स्थानीय मौसम पूर्वानुमान के आधार पर खेतों से जुड़े जरूरी काम तय करने की सलाह दी जाती है। वहीं जिन क्षेत्रों में बारिश कमजोर पड़ रही है, वहां तापमान बढ़ने और उमस बढ़ने की स्थिति बन सकती है। ऐसे में दिन के समय अनावश्यक रूप से लंबे समय तक धूप में रहने से बचना और पर्याप्त पानी पीना जरूरी है।