छत्तीसगढ़ में H1N1 यानी स्वाइन फ्लू के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, 8 सितंबर तक प्रदेश में कुल 298 पॉजिटिव केस दर्ज थे, जो 9 सितंबर की रिपोर्ट में बढ़कर 344 हो गए। यानी कुल मामलों में 46 की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
पिछले दो दिनों में प्रदेश में बड़ी संख्या में नए मरीज सामने आए हैं। इनमें रायपुर में सबसे ज्यादा मामले दर्ज किए गए हैं। राजधानी में 8 सितंबर तक 127 मरीज थे, जो 9 सितंबर को बढ़कर 146 हो गए।
रायपुर में सबसे ज्यादा मरीज
प्रदेश में अब तक सामने आए 344 मरीजों में अकेले रायपुर के 146 मरीज हैं। यह राज्य के कुल मामलों का करीब 42 प्रतिशत है।9 सितंबर को रायपुर में 19 नए मरीज मिले। इसके साथ ही जिले में कुल संक्रमितों की संख्या 146 हो गई है। आंकड़ों के अनुसार रायपुर के बाद दुर्ग और बिलासपुर में स्वाइन फ्लू के मामले ज्यादा हैं।
9 सितंबर को 39 नए पॉजिटिव केस
स्वास्थ्य विभाग की 9 सितंबर की रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में एक दिन में 39 नए H1N1 पॉजिटिव मरीज मिले।
रायपुर – 19
महासमुंद – 10
बिलासपुर – 3
कोरबा – 2
दुर्ग – 1
रायगढ़ – 1
मुंगेली – 1
राजनांदगांव – 1
सुरगुजा – 1
अन्य राज्यों में इस दिन कोई नया मरीज दर्ज नहीं हुआ। इससे एक दिन पहले यानी 8 सितंबर को प्रदेश में 46 नए केस मिले थे। इस तरह 9 सितंबर को नए मामलों की संख्या 7 कम रही।
एक्टिव मरीजों की संख्या 122 पहुंची
प्रदेश में एक्टिव मरीजों की संख्या भी बढ़ रही है। 8 सितंबर तक 113 एक्टिव केस थे, जिनमें 81 मरीज अस्पताल में भर्ती थे और 32 होम आइसोलेशन में थे।9 सितंबर की रिपोर्ट में एक्टिव मरीजों की संख्या बढ़कर 122 हो गई। यानी एक्टिव मामलों में 9 की वृद्धि हुई है। अस्पताल में भर्ती मरीजों की संख्या भी 81 से बढ़कर 90 हो गई है, जबकि होम आइसोलेशन वाले मरीजों की संख्या 32 बनी हुई है।
दुर्ग और बिलासपुर में भी बड़ी संख्या में मरीज
कुल मामलों के लिहाज से रायपुर के बाद दुर्ग और बिलासपुर में 41-41 मरीज दर्ज किए गए हैं। 8 सितंबर तक दुर्ग में 40 और बिलासपुर में 38 मरीज थे।इसके अलावा कोरबा में कुल मरीजों की संख्या 19 से बढ़कर 21, रायगढ़ में 12 से 13, मुंगेली में 1 से 2 और राजनांदगांव में 7 से 8 हो गई है। महासमुंद में कुल मरीजों की संख्या 17 पहुंच गई है।
क्या है H1N1 और इसके लक्षण?
H1N1 इन्फ्लुएंजा वायरस का एक प्रकार है। इसके लक्षण सामान्य फ्लू जैसे हो सकते हैं। इनमें बुखार, खांसी, गले में खराश, शरीर में दर्द और कमजोरी जैसी शिकायतें शामिल हो सकती हैं।कुछ मामलों में संक्रमण गंभीर रूप भी ले सकता है। खासकर सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण सामने आने पर स्थिति को गंभीरता से लेना जरूरी है। ऐसे लक्षण होने पर समय पर चिकित्सकीय सलाह लेना उचित है।