किडनी शरीर का एक अहम अंग है, जो खून को साफ करने, शरीर से विषैले पदार्थ बाहर निकालने और पानी व मिनरल्स का संतुलन बनाए रखने का काम करती है। लेकिन खराब खानपान, अनियंत्रित ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और अस्वस्थ जीवनशैली के कारण किडनी की कार्यक्षमता धीरे-धीरे प्रभावित हो सकती है। कई बार शुरुआती लक्षण सामान्य लगते हैं, इसलिए लोग उन्हें नजरअंदाज कर देते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, सुबह उठने के बाद शरीर में दिखने वाले कुछ बदलाव किडनी से जुड़ी समस्या का संकेत हो सकते हैं। समय रहते इन लक्षणों पर ध्यान देने से गंभीर जटिलताओं से बचा जा सकता है।
सुबह दिखने वाले ये 5 संकेत
सुबह उठने के बाद आंखों के नीचे या चेहरे पर सूजन दिखाई देना किडनी की कार्यक्षमता प्रभावित होने का संकेत हो सकता है। जब किडनी अतिरिक्त पानी और नमक को सही तरीके से बाहर नहीं निकाल पाती, तो शरीर में तरल जमा होने लगता है।
पेशाब में बदलाव भी किडनी की समस्या की ओर इशारा कर सकता है। बार-बार पेशाब आना, रात में अधिक पेशाब होना, पेशाब में झाग बनना या रंग में बदलाव जैसे लक्षणों को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
यदि पैरों, टखनों या हाथों में लगातार सूजन बनी रहती है, तो यह शरीर में अतिरिक्त तरल जमा होने का संकेत हो सकता है, जो किडनी की खराब कार्यक्षमता से जुड़ा हो सकता है।
सुबह पर्याप्त आराम के बाद भी थकान, कमजोरी या शरीर में भारीपन महसूस होना इस बात का संकेत हो सकता है कि किडनी शरीर से अपशिष्ट पदार्थों को प्रभावी ढंग से बाहर नहीं निकाल पा रही है।
त्वचा में लगातार खुजली, रूखापन या जलन की समस्या भी किडनी संबंधी परेशानी का संकेत हो सकती है, क्योंकि शरीर में अपशिष्ट पदार्थों का स्तर बढ़ने पर इसका असर त्वचा पर भी दिखाई देता है।
किडनी को स्वस्थ रखने के लिए अपनाएं ये आदतें
पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं, नमक का सेवन सीमित रखें और ब्लड प्रेशर व ब्लड शुगर को नियंत्रित रखें। बिना डॉक्टर की सलाह के दर्द निवारक दवाओं का लंबे समय तक सेवन करने से बचें। संतुलित आहार और नियमित व्यायाम को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। यदि ऊपर बताए गए लक्षण लगातार बने रहें या बढ़ने लगें, तो स्वयं इलाज करने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेकर आवश्यक जांच कराना बेहतर रहेगा।